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Manoj kumar shrivastava
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  • India
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Samar kabeer commented on Manoj kumar shrivastava's blog post निःशब्द देशभक्त
"जनाब मनोज कुमार जी आदाब,सुंदर प्रस्तुति हेतु बधाई स्वीकार करें ।"
1 hour ago
सुरेन्द्र नाथ सिंह 'कुशक्षत्रप' commented on Manoj kumar shrivastava's blog post निःशब्द देशभक्त
"आद0 मनोज कुमार जी सादर अभिवादन। बेहतरीन भाव सम्प्रेषण के साथसाथ लिखी गयी इस रचना पर मेरी कोटिश बधाइयाँ निवेदित हैं।सादर"
9 hours ago
Manoj kumar shrivastava posted blog posts
11 hours ago
Manoj kumar shrivastava commented on डॉ पवन मिश्र's blog post नवगीत- लुटने को है लाज द्रौपदी चिल्लाती है
"आदरणीय डाॅ. पवन मिश्र जी सादर वन्दे! बहुत ही अच्छी रचना है। सादर बधाई स्वीकार करें।"
yesterday
Manoj kumar shrivastava posted a blog post

मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं

मैं कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं, मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं, भेद-भाव के दरया को, पाटने की कोशिश  में, सूरज के घर में चाॅंद का, संदेशा  लेकर जाता हॅूं, हाॅं, मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं। खुशियों को ढ़ूंढ़ने निकला हॅूं, मिल भी गयी दुखदायी खुशी, दुखदायी खुशी के चक्कर में, हसीन गम को भूल जाता हॅूं।, हाॅं,मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं।ऐशो-आराम की जिंदगी मिली है, आराम से सोता पर क्या करूॅं, पहले हजारों अर्धनिद्रा से ग्रसित, बांधवों को सुलाता हॅूं, हाॅं, मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं।…See More
Dec 5
Manoj kumar shrivastava commented on Afroz 'sahr''s blog post ग़ज़ल,,,,इशारों का साथ दो,,,,,,,
"आदरणीय अफरोज जी सादर वन्दे! बहुत ही सुंदर रचना है। मेरी कोटिशः बधाइयाॅं स्वीकार करें।"
Dec 4
Manoj kumar shrivastava commented on amod srivastav (bindouri)'s blog post न पूछता है.. कोई आज यूँ पता मेरा/
"आदरणीय बिंदौरी जी सादर वन्दे! बहुत ही सुंदर रचना है। कोटिशः बधाइयाॅं स्वीकार करें।"
Dec 4
Manoj kumar shrivastava commented on Sushil Sarna's blog post तेरे-मेरे दोहे - (२)
"आदरणीय सरना जी, सादर वन्दे! बहुत ही सुंदर विरह रचना है। कोटिशः बधाइयाॅं स्वीकार करें।"
Dec 4
Manoj kumar shrivastava commented on Manoj kumar shrivastava's blog post मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं
"आदरणीय दादा समर कबीर जी सादर प्रणाम। आपके मार्गदर्शन का कोटिशः आभार। इसी तरह मुझ पर अपना आशीर्वाद बनाये रखें।"
Dec 4
Samar kabeer commented on Manoj kumar shrivastava's blog post मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं
"जनाब मनोज कुमार जी आदाब,कविता का प्रयास अच्छा है,बधाई स्वीकार करें । 'भेद भाव की दरिया को--"भेद भाव के दरया को" 'ऐषो'---"ऐशो" 'कई सलाह भी दिए मैंने'---"कई सलाह भी दीं मैंने" 'अपमान भी करता…"
Dec 4
Manoj kumar shrivastava commented on डॉ पवन मिश्र's blog post ग़ज़ल- आज फिर उसने कुछ कहा मुझसे
"बहुत ही खूबसूरत रचना है आदरणीय पवन मिश्र जी, कोटिशः बधाइयाँ स्वीकार करें।"
Dec 4
Manoj kumar shrivastava commented on Kalipad Prasad Mandal's blog post ग़ज़ल -मुहताज़ के लिए कभी’ पत्थर नहीं हूँ’ मैं - कालीपद 'प्रसाद'
"आदरणीय प्रसाद जी, इस बेहतरीन रचना पर मेरी बधाई स्वीकार करें।"
Dec 4
Manoj kumar shrivastava commented on प्रदीप कुमार पाण्डेय 'दीप''s blog post जिंदगी तुझ पर ये दिल भी, कर गया कुर्बान क्यों?
"आदरणीय पाण्डेय जी, इस रचना पर मेरी बधाई स्वीकार करें।"
Dec 4
Manoj kumar shrivastava commented on Manoj kumar shrivastava's blog post देशभक्त तो पैदा कर
"आदरणीय मण्डल जी, आपका कोटिशः आभार, आपके सुझावों का मैं आगे अवश्य ही ध्यान रखूंगा।"
Dec 4
Kalipad Prasad Mandal commented on Manoj kumar shrivastava's blog post देशभक्त तो पैदा कर
"आ मनोज कुमार जी कविता में देश भक्ति कूट कूट कर भरी है | बहुत  अच्छी है | यह और अच्छी होती अगर कविता एक ही शैली में होती , जैसे मुक्तक , द्विपदी तुकान्त  ,अतुकांत या फिर कोई और | सुन्दर भाव के लिए बधाई  आपको  "
Dec 4
Manoj kumar shrivastava commented on Manoj kumar shrivastava's blog post मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं
"सादर आभार आदरणीय कुशक्षत्रप जी, सतत मार्गदर्शन देते रहियेगा।"
Dec 3

Profile Information

Gender
Male
City State
nawagarh
Native Place
bhimpuri
Profession
computer oprator, shikshak
About me
best

Manoj kumar shrivastava's Blog

निःशब्द देशभक्त

जब एक सैनिक शहीद होता है

तो साथ में शहीद होती हैं

ढेर सारी उम्मीदें,

ताकत और भावनाएं,

मैं सैनिक नहीं 

न मेरा कोई पुत्र,

पर पूरी देशभक्ति

निभायी

अपनी चहारदीवारी

के भीतर

हाथ में धारित

मोबाईल पर चल रहे

सोशल मीडिया

में शहीद सैनिक

की फोटो पर

"जय हिंद"

लिख कर और

सो गया, तब

रात स्वप्न में

वह शहीद आया,

कहा- मैं अपनी

मिट्टी और आपकी

और सेवा करना

चाह रहा था,

पर कर न पाया,

इसलिए…

Continue

Posted on December 13, 2017 at 2:30pm — 2 Comments

मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं

मैं कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं,

मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं,

भेद-भाव के दरया को,

पाटने की कोशिश  में,

सूरज के घर में चाॅंद का,

संदेशा  लेकर जाता हॅूं, हाॅं,

मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं।

खुशियों को ढ़ूंढ़ने निकला हॅूं,

मिल भी गयी दुखदायी खुशी,

दुखदायी खुशी के चक्कर में,

हसीन गम को भूल जाता हॅूं।, हाॅं,

मैं भी कवि-सम्मेलन में जाता हॅूं।

ऐशो-आराम की जिंदगी मिली है,

आराम से सोता पर क्या करूॅं,

पहले हजारों अर्धनिद्रा से…

Continue

Posted on December 3, 2017 at 1:00pm — 4 Comments

देशभक्त तो पैदा कर

दलगत राजनीति से दूर होना चाहिए,

देशहित करने का सुरूर होना चाहिए,

बेशक विचारों में भेद हो सकता है,

पर राष्ट्रहित हो तो गुरूर होना चाहिए,

सत्ता से प्रेम और विपक्ष से गिला नहीं,

किसी दल से भी मैं कभी मिला नहीं,

पर प्रबलता से देशहित में कहता हूँ,

जो देश का है, मैं उसकी पार्टी में रहता हूँ,

और जो भी विपक्षी हो, उससे कहता हूँ,

मतदाता से नहीं, देश से वायदा कर,

मैं सिर्फ तुझे ही सत्ता में चुनूँगा पहले,

पहले अपनी पार्टी में देशभक्त तो पैदा… Continue

Posted on December 2, 2017 at 8:41am — 8 Comments

बदनाम इतिहास

आकाओं की आवाज़
मौनी हो गई है,
इस शहर की सियासत
बौनी हो गई है,
सोच के साथ-साथ,
कर्मों में भी दरख़्त है,
मेरे मसीहा का पेशाना,
पिंडारियों सा सख्त है,
शायद उसे याद नहीं कि
आदमी केवल हाड़-मास है,
कल का चर्चित रहा डाकू,
आज का बदनाम इतिहास है....

मौलिक व अप्रकाशित

Posted on November 30, 2017 at 11:07pm — 5 Comments

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