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Rajesh Mishra
  • Male
  • Thane, Maharashtra
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Male
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Thane, Maharashtra
Native Place
Gorakhpur, Uttar Pradesh
Profession
Service
About me
A common Indian

Rajesh Mishra's Blog

अहमद चाचा

लन्दन के हीथ्रो एअरपोर्ट से जैसे ही विमान ने उड़ान भरी, श्याम का दिल बल्लियों उछलने लगा. बचपन की स्मृतियाँ एक-एक कर मानस पटल पर उभरने लगीं और जैसे-जैसे विमान आसमान की ऊँचाई की ओर बढ़ता गया, वह आस-पास के वातावरण से बेसुध अतीत में मग्न होता चला गया. माँ की ममता, पिताजी का प्यार, मित्रों के साथ मिलकर धमाचौकड़ी करना, गाँव के खेल, नदी का रेता, हरे-भरे खेत, अनाजों से भरे खलिहान और वहां कार्यरत लोगों की अथक उमंग, तीज त्यौहार की चहल-पहल आदि ह्रदय को रससिक्त करते गए.



गाँव के खेलों की बात ही… Continue

Posted on February 27, 2011 at 5:19am

मुझको भी अब पढ़ना है

लाओ, मेरा बस्ता दे दो,
मुझको भी अब पढ़ना है.
सीढियाँ सफलता की,
जीवन में अब चढ़ना है.
भूखे रहकर बहुत मैं सोया,
पेट मुझे भी भरना है.
फटे-पुराने छोड़ चीथड़े,
कपड़े नए पहनना है.
बोझ तले मैं तड़प रहा था,
अम्बर में अब उड़ना है.
पुरुषार्थ-चतुष्टय प्राप्ति के पथ पर,
मुझको आगे बढ़ना है.

Posted on January 12, 2011 at 6:08pm — 3 Comments

नवल वर्ष, तेरा अभिनन्दन हो!

नवल वर्ष, तेरा अभिनन्दन हो!

नवल चेतना, नवल सृजन हो,
मंजुल मंगल परिवर्तन हो,
नवल वर्ष तेरी मधुर छाँव में
पुलकित प्रमुदित जन-जीवन हो!
नवल वर्ष, तेरा अभिनन्दन हो!

नवल राह हो, नवल चाह हो,
नवल सोच हो, नव उछाह हो,
नवल भावना, नवल कामना
नवल कर्म, नव जागृत मन हो!
नवल वर्ष, तेरा अभिनन्दन हो!

नव गिरि-कानन, गगन नवल हो,
नवल पवन हो, चमन नवल हो,
मानवता की नवल पौध हो,
और नवल जीवन-दर्शन हो!
नवल वर्ष, तेरा अभिनन्दन हो!

Posted on January 1, 2011 at 1:40pm — 1 Comment

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