For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

पीढ़ी को समझा दे पंकज, खेती ख़ातिर खेत बचा ले----ग़ज़ल

22 22 22 22 22 22 22 22
नाम हमारा लेना छोड़े, धड़कन को अपनी समझाले
रात यहाँ बेचैन गुजरती, सुन ए छोड़ के जाने वाले
सनई ब्रांड सेंट की बू और कीचड़ छाप पहन कर धोती
वो, जूते का ऐड निहारे और फिर अपने पाँव के छाले
नीच अधम अधिकारी-नेता जिन्हें परोसी गईं बेटियाँ
यद्यपि नीच हैं कन्याओं को बिस्तर तक पहुँचाने वाले
एक सुझाव हमारा पी एम छोटा लेकिन भारी है
लाल किले से कहिए भारत वर्ग-भेद का भाव मिटा ले
बोरी भर सोना ले कर भी ढूंढे नहीं मिलेगा भोजन
पीढ़ी को समझा दे पंकज खेती खातिर खेत बचा ले
मौलिक अप्रकाशित 

Views: 193

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

Comment by Pankaj Kumar Mishra "Vatsyayan" on October 15, 2018 at 10:20pm

आदरणीय लक्ष्मण धामी सर ग़ज़ल को शुभकामनाएं देने के लिए बहुत-बहुत आभार

Comment by लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' on October 14, 2018 at 6:07pm

आ. भाई पंकज जी, अच्छी गजल हुई है । हार्दिक बधाई ।।

Comment by Pankaj Kumar Mishra "Vatsyayan" on August 16, 2018 at 10:38pm

सादर आभार विजय सर

Comment by vijay nikore on August 12, 2018 at 3:12pm

इस अच्छी गज़ल के लिए बधाई, पंकज जी

Comment by Pankaj Kumar Mishra "Vatsyayan" on August 12, 2018 at 12:53am

आदरणीय वसन्त जी बहुत बहुत आभार

Comment by Pankaj Kumar Mishra "Vatsyayan" on August 12, 2018 at 12:52am

आदरणीय रवि सर बहुत बहुत आभार

Comment by Pankaj Kumar Mishra "Vatsyayan" on August 12, 2018 at 12:52am

आदरणीय बाऊजी सादर प्रणाम, आशीर्वाद प्रदान करने के लिए हार्दिक आभार

Comment by बसंत कुमार शर्मा on August 11, 2018 at 9:33pm

लाजबाब गजल वाह 

Comment by Ravi Shukla on August 10, 2018 at 11:49pm

आदरणीय पंकज जी गूढ़़ भाव के साथ अच्छीगजल कही आपने बधाई

Comment by Samar kabeer on August 9, 2018 at 2:18pm

अज़ीज़म पंकज कुमार मिश्रा आदाब,अच्छी ग़ज़ल हुई है,इस प्रस्तुति पर बधाई स्वीकार करें ।

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

dandpani nahak replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"आदरणीय आसिफ़ ज़ैदी साहब आदाब बहुत अच्छी ग़ज़ल हुई है बधाई स्वीकार करें"
9 hours ago
dandpani nahak replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"आदरणीय सुर्खाब बशर जी हार्दिक बधाई स्वीकार करे उम्दा ग़ज़ल कही आपने"
9 hours ago
dandpani nahak replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"आदरणीय मोहन बेगोवाल जी बहुत बहुत बधाई स्वीकार करें अच्छी प्रस्तुति"
9 hours ago
dandpani nahak replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"बहुत खूब ग़ज़ल आदरणीय मुनीश तन्हा जी हार्दिक बधाई"
9 hours ago
dandpani nahak left a comment for मिथिलेश वामनकर
"आदरणीय मिथिलेश वामनकर जी आदाब बहुत बहुत शुक्रिया हौसला बढ़ाने का"
10 hours ago

सदस्य कार्यकारिणी
rajesh kumari replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"प्रस्तुति के लिए हार्दिक बधाई स्वीकारें आद० मोहन बेगोवाल जी "
10 hours ago

सदस्य कार्यकारिणी
rajesh kumari replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"बहुत खूब आद० नवीन मणि जी अच्छी ग़ज़ल कही है बहुत बहुत मुबारकबाद कुबूलें "
10 hours ago

सदस्य कार्यकारिणी
rajesh kumari replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"अच्छी ग़ज़ल कही है मुनीश तनहा जी दिल से दाद प्रेषित है "
10 hours ago

सदस्य कार्यकारिणी
rajesh kumari replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"मोहतरम तस्दीक साहब आपका बहुत बहुत शुक्रिया नवाज़िश "
10 hours ago

सदस्य कार्यकारिणी
rajesh kumari replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"जनाब अनीस शेख़ जी बहुत बहुत शुक्रिया नवाज़िश "
10 hours ago

सदस्य कार्यकारिणी
rajesh kumari replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"आद० मुनीश तनहा जी आपका बहुत बहुत शुक्रिया नवाज़िश "
10 hours ago

सदस्य कार्यकारिणी
rajesh kumari replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-105
"आद० सुरेन्द्र नाथ भैया आपका दिल से बेहद शुक्रिया नवाज़िश"
10 hours ago

© 2019   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service