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Manju Saxena
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Manju Saxena replied to Admin's discussion एक घोषणा : OBO करेगा आपके द्वारा लिखी पुस्तकों का नि:शुल्क विज्ञापन
"बहुत सराहनीय कदम...धन्यवाद"
Sep 18
Manju Saxena commented on Admin's page Tool Box
"एक ग़ज़ल रात को आफ़ताब देखा हैख्वाब हमने जनाब देखा है। जिनके रुख पर नका़ब थे कितनेउनको भी बेनकाब देखा है। बात करते थे कल हवाओं सेआज खाना ख़राब देखा है। जिसको समझे थे अर्श की माटीशख्स वो लाजवाब देखा है। फूस के घर मे चैन से सोताएक ऐसा नवाब देखा…"
Sep 4
Manju Saxena joined Admin's group
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ग़ज़ल की कक्षा

इस समूह मे ग़ज़ल की कक्षा आदरणीय श्री तिलक राज कपूर द्वारा आयोजित की जाएगी, जो सदस्य सीखने के इच्‍छुक है वो यह ग्रुप ज्वाइन कर लें |धन्यवाद |See More
Sep 4
Manju Saxena is now a member of Open Books Online
Jul 18

Profile Information

Gender
Female
City State
Lucknow...U.P.
Native Place
Lucknow
Profession
Writer
About me
M.A.(English)LLB ,writing stories, Humour,poetries, gazal,and, laghu katha from last 35 years.My stories ,poems and articles were published in Sarita,Mukta, Kadambini,Hans,Meri Saheli and news papers.

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