For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव's Discussions (5,004)

Discussions Replied To (2641) Replies Latest Activity

"आदरणीय बासुदेव  भाईजी बीच की खाई पटती कहाँ है, दीवाली एक सी मनती कहाँ है॥ हृदय से बध…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Nov 9, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-97

316 Nov 11, 2018
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"आदरणीया अनिताजी धीरे धीरे देश परिवार और समाज पर अँग्रेजी माध्यम की शिक्षा का असर तो…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Nov 9, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-97

316 Nov 11, 2018
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"शुभ हो हर दीवाली ....................................   धन वैभव सम्मान मिले, भंडार र…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Nov 9, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-97

316 Nov 11, 2018
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"आदरणीय सतविन्द्र  भाईजीए अच्छी गेयता के साथ गीतिका छंद में आपकी यह प्रस्तुति सरल और…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Nov 9, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-97

316 Nov 11, 2018
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"आदरणीय आरिफ  भाई सदा की तरह दीपावली पर आपकी यह क्षणिकाएं भी अच्छी लगी। हृदय से बधाई…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Nov 9, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-97

316 Nov 11, 2018
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"आदरणीय शेख शहजाद  भाई दीपावली पर नई सोच के साथ  अक्षम निर्धन और आम आदमी के इस त्योहा…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Nov 9, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-97

316 Nov 11, 2018
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"आदरणीय तस्दीक  भाईजी मन मोह लिया आपकी इस सुंदर रचना ने। दीपावली पर लोगों को कुछ समझा…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Nov 9, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-97

316 Nov 11, 2018
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

"आदरणीय दयाराम  भाईजी मेरा लेखन कर्म सार्थक हो गया। इस नए प्रयोग पर आपकी प्रतिक्रिया…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Oct 13, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-96

183 Oct 13, 2018
Reply by Samar kabeer

"आदरणीय  सतविन्द्र  भाईजी छंदमय प्रतिक्रिया और प्रशंसा के लिए हृदय से धन्यवाद आभार।"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Oct 13, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-96

183 Oct 13, 2018
Reply by Samar kabeer

"आदरणीय  शेख  शहजाद  भाई आजकल अच्छी लुप्त हो जाती हैं गलत और गंदी विरासत बन जाती है,…"

अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied Oct 13, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-96

183 Oct 13, 2018
Reply by Samar kabeer

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२ ****** घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये उघड़े  शरीर  आप  ही  सम्मान  हो गये।१। *…See More
14 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
yesterday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"क्षमा कीजियेगा 'मुसाफ़िर' जी "
yesterday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी 'मुसफ़िर' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला आपकी…"
Thursday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। सुंदर गजल हुई है। भाई रवि जी की सलाह से यह और निखर गयी है । हार्दिक…"
Thursday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"ग़ज़ल 2122   1212  22 आ कभी देख तो ले फ़ुर्सत में क्या से क्या हो गए महब्बत में मैं…"
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत - भैंस उसी की जिसकी लाठी // सौरभ
"  आपका हार्दिक धन्यवाद, आदरणीय लक्ष्मण धामी ’मुसाफिर’ जी   "
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Sushil Sarna's blog post दोहा एकादश. . . . . पतंग
"आदरणीय सुशील सरनाजी, पतंग को लगायत दोहावलि के लिए हार्दिक बधाई  सुघड़ हाथ में डोर तो,…"
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय रवि भसीन 'शहीद' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला ग़ज़ल तक आए और हौसला…"
Wednesday
Sushil Sarna posted blog posts
Tuesday
रवि भसीन 'शाहिद' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय Jaihind Raipuri जी,  अच्छी ग़ज़ल हुई। बधाई स्वीकार करें। /आयी तन्हाई शब ए…"
Tuesday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service