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kanta roy's Discussions (2,219)

Discussions Replied To (1839) Replies Latest Activity

"हा हा हा हा ........ आयोजन का यह हिस्सा भी शानदार है । सादर"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"मुझे यहाँ गजल पढना एक साथ इतने अलग अलग अंदाज़ में बहुत ही अच्छा लगा है । आप सभी ने ख…"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"मोहतरमायें नजाकत से भरी होती है इसलिए उनसे जुडी हर चीज़ में अदब है । ब्यूटी पार्लर क…"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"ये शेर मुझे भी बडी ही पसंद आई है ..... बहुत खूब लिखा है ।"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"नाम दिया पहले रिश्तों को फिर उनको बे-नाम किया तेरी चाहत मशहूरी थी  बस मुझको गुमनाम क…"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"क्या दर्द बयाँ की है आपने बँटवारे की । पिता के अरमानों की और माँ की बेबस जिंदगी जीने…"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"हिन्दू- मुस्लिम लड़ें तो रोटी सेंकें मुल्ला पंडित अपनी मगर नवयुगी नयी सोच ने साजिश  क…"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"आज घरौंदा मेरा बिखरा, सूना सा जो लगता है शुब्हा की कुछ दीवारों ने घर का ये अंजाम किय…"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"जीवन मर्म से भरपूर गजल बडी ही शानदार बनी है । वाह !!! बधाई आदरणीय लक्ष्मण रामानुज लड…"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

"जाहिल,आक़िल ,शैख़,बरहमन ,कोई भी महफ़ूज़ नहीं तेरी आँखों के जादू ने सब को ज़ेर-ए-दाम किया.…"

kanta roy replied Jul 24, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-61

609 Jul 25, 2015
Reply by Dr.Prachi Singh

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Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय रवि भसीन 'शहीद' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला ग़ज़ल तक आए और हौसला…"
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