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munish tanha's Discussions (683)

Discussions Replied To (683) Replies Latest Activity

"आदरणीय समर साहिब की कमी खल रही है फोन पर मालूम हुआ उनकी ग़ज़ल तैयार थी वो पोस्ट करने व…"

munish tanha replied Dec 24, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-78

563 Dec 24, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"                      ग़ज़ल तुमसे हमको प्यार हुआ तो देख बहाने याद आए जो दिल पे सीधे…"

munish tanha replied Dec 23, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-78

563 Dec 24, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"ग़ज़लहर तरफ चलती कतार हैजुल्म को खलती कतार है इक अजब सा शोर हर तरफ खून से पलती कतार है…"

munish tanha replied Dec 9, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-74

765 Dec 11, 2016
Reply by Saurabh Pandey

"पागल हो बादशाह वजीरों की क्या मजाल। खामोश ताकता हाँ  बेचारा वतन तमाम।। वाह ! बधाई स्…"

munish tanha replied Nov 26, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-77

320 Nov 27, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"वो चाँद मेरा आता है जो ईद के ही दिनदुनिया के उसने सीख लिए हैं चलन तमाम समर साहिब की…"

munish tanha replied Nov 26, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-77

320 Nov 27, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"बेरोक घर मे घुस गईं पश्चिम की सभ्यता कमज़ोर तो नहीं थे हमारे जतन तमाम  ?   सुंदर ग़ज़ल…"

munish tanha replied Nov 26, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-77

320 Nov 27, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"मुर्दा समझ-के तुझको कहीं नोच ही न लें मँडरा रहे हैं सर पे जो ज़ाग़ ओ ज़ग़न तमाम सुंद…"

munish tanha replied Nov 26, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-77

320 Nov 27, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"उसके जमाल का ये असर देखिये जरा''बेहोश इक नज़र में हुई अंजुमन तमाम''।। सुंदर ग़ज़ल बधाई…"

munish tanha replied Nov 26, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-77

320 Nov 27, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"उसने चली जो चाल के कायल हुए सभी पश्चिम के भी बड़े बड़े विकसित वतन तमाम    बहुत बढ़िया ग़…"

munish tanha replied Nov 26, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-77

320 Nov 27, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"नीला है आसमान जमीं सब्ज सार है   दुनिया के रंग हैं उसी के पैरहन तमाम सुंदर भाव बधाई…"

munish tanha replied Nov 26, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-77

320 Nov 27, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

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धर्मेन्द्र कुमार सिंह commented on धर्मेन्द्र कुमार सिंह's blog post देश की बदक़िस्मती थी चार व्यापारी मिले (ग़ज़ल)
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आशीष यादव replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
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Saurabh Pandey commented on धर्मेन्द्र कुमार सिंह's blog post देश की बदक़िस्मती थी चार व्यापारी मिले (ग़ज़ल)
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