For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

KALPANA BHATT ('रौनक़')'s Discussions (1,630)

Discussions Replied To (1393) Replies Latest Activity

"जिद्द से ही तो सरहदें खींची जाती है । बेहद सुन्दर प्रस्तुति हुई है आदरणीय नादिर खान…"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"अच्छा प्रयास । हार्दिक बधाई आदरणीय सतविंदर भैया ।"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"वाह । सुन्दर प्रस्तुति । हार्दिक बधाई आदरणीय।"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"वाह । बहुत खुबसूरत रचना। बधाई स्वीकारें आदरणीय।"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"वतन की सरहदें महफूज हैं जिसके सहारे पर ये मत भूलो किसी परिवार का भी वो सहारा है शही…"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"गीदड़ों की भभकियों से हम नहीं डरते कभी आततायी हम नहीं है शुक्र यह करो मियाँ मुल्क के…"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"अच्छी गज़ल । बधाई स्वीकारें आदरणीय मनन जी ।"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"सच में प्रकृति की कोई सीमा नहीं होती । बहुत बढ़िया रचना हुई है आदरणीय । बधाई स्वीकारे…"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"इस रचना के लिए बधाई स्वीकारें आदरणीय ।"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

"दिखाता है वही होता है जो सच सदाक़त से है पुर दर्पन की सरहद । अमीरे शहर क्या तुझ को पत…"

KALPANA BHATT ('रौनक़') replied Oct 15, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-72

752 Oct 16, 2016
Reply by Arpana Sharma

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Sushil Sarna posted a blog post

दोहा सप्तक. . . . प्यार

दोहा सप्तक. . . . प्यारप्यार, प्यार से माँगता, केवल निश्छल प्यार ।आपस का विश्वास ही, इसका है आधार…See More
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई चेतन जी, उत्साहवर्धन व स्नेह के लिए आभार।"
Sunday
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन के भावों को मान देने का दिल से आभार आदरणीय "
Sunday
Chetan Prakash replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ.लक्ष्मणसिह धानी, 'मुसाफिर' साहब  खूबसूरत विषयान्तर ग़ज़ल हुई  ! हार्दिक …"
Sunday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई चेतन जी, सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर मुक्तक हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
Sunday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
Sunday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर गजल हुई है। हार्दिक बधाई।"
Sunday
Jaihind Raipuri replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"ग़ज़ल   बह्र ए मीर लगता था दिन रात सुनेगा सब के दिल की बात सुनेगा अपने जैसा लगता था…"
Saturday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

हरकत हमें तो वैद की रखती तनाव में -लक्ष्मण धामी 'मुसफिर'

बदला ही राजनीति के अब है स्वभाव में आये कमी कहाँ  से  कहो  फिर दुराव में।१। * अवसर समानता का कहे…See More
Saturday
Chetan Prakash replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
" दोहा मुक्तक :  हिम्मत यदि करके कहूँ, उनसे दिल की बात  कि आज चौदह फरवरी, करो प्यार…"
Saturday
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"दोहा एकादश. . . . . दिल दिल से दिल की कीजिये, दिल वाली वो बात । बीत न जाए व्यर्थ के, संवादों में…"
Saturday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"गजल*****करता है कौन दिल से भला दिल की बात अबबनती कहाँ है दिल की दवा दिल की बात अब।१।*इक दौर वो…"
Saturday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service