For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Chetan Prakash's Discussions (714)

Discussions Replied To (572) Replies Latest Activity

"नमस्कार, भाई लक्ष्मण सिंह मुसाफिर, अच्छे दोहे लिखे आपने ।किन्तु पहले दोहे के तीसरे च…"

Chetan Prakash replied Sep 12, 2021 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-131

24 Sep 12, 2021
Reply by Dr. Vijai Shanker

"मुझे कुछ  कहना है इस बार.... कि  कब तक चुप  बैठोगे  यार तालिबान का आतंक उस  पार   क…"

Chetan Prakash replied Sep 11, 2021 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-131

24 Sep 12, 2021
Reply by Dr. Vijai Shanker

"आदरणीय भाई, मुसाफिर साहब, क्षमा दान करें परन्तु ग़ज़ल और गीत में कई मौलिक असमानताएं…"

Chetan Prakash replied Aug 14, 2021 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-130

9 Aug 15, 2021
Reply by Kamal purohit

"गीत.....माँ का दामन खुशियों से भर दें ! पुनि पुनि नत मस्तक हों साथी कुछ  याद  उन्हे…"

Chetan Prakash replied Aug 14, 2021 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-130

9 Aug 15, 2021
Reply by Kamal purohit

"आप बंधु, अभी भी असत्य भाषण कर रहे है, धातु त्यज् है और इसमें कत्वा प्रत्यय लगा है! "

Chetan Prakash replied Jul 31, 2021 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-76

31 Jul 31, 2021
Reply by Chetan Prakash

"आदाब, मनन कुमार सिंह ईशावास्य उपनिषद का सूत्र " तेन त्यक्तेन  भुंजीथा:" है । हाँ, श्…"

Chetan Prakash replied Jul 31, 2021 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-76

31 Jul 31, 2021
Reply by Chetan Prakash

"आदरणीय, मनन कुमार  सिंह,  नमस्कार,  भाई  ! मैंने आदरणीय  भाई  लक्ष्मण सिंह मुसाफिर स…"

Chetan Prakash replied Jul 31, 2021 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-76

31 Jul 31, 2021
Reply by Chetan Prakash

"आदाब,  मुसाफिर भाई जो मैंने लिखा  आप स्पष्ट रूप से पढ़ सकते हैं, उद्धृत कर सकते हैं,…"

Chetan Prakash replied Jul 31, 2021 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-76

31 Jul 31, 2021
Reply by Chetan Prakash

"टंकण  की एकाध त्रुटि अवश्य  रह गई  है, भाई  लक्ष्मण सिंह ''मुसाफिर', , मगर  बंधुवर,…"

Chetan Prakash replied Jul 31, 2021 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-76

31 Jul 31, 2021
Reply by Chetan Prakash

" आदाब,  बबीता जी ,धैर्य,  स्वयं संज्ञा  है, धैर्यता  मैंने  आज  तक  नहीं  देखा! सादर "

Chetan Prakash replied Jul 31, 2021 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-76

31 Jul 31, 2021
Reply by Chetan Prakash

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Admin added a discussion to the group चित्र से काव्य तक
Thumbnail

'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 176

आदरणीय काव्य-रसिको !सादर अभिवादन !!  ’चित्र से काव्य तक’ छन्दोत्सव का यह एक सौ…See More
yesterday
Admin posted a discussion

"ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183

आदरणीय साहित्य प्रेमियो, जैसाकि आप सभी को ज्ञात ही है, महा-उत्सव आयोजन दरअसल रचनाकारों, विशेषकर…See More
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . . संयोग शृंगार
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। संयोग शृंगार पर सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
yesterday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . . संयोग शृंगार

 अभिसारों के वेग में, बंध हुए निर्बंध । मौन सभी खंडित हुए, शेष रही मधुगंध ।। प्रेम लोक की कल्पना,…See More
Sunday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२ ****** घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये उघड़े  शरीर  आप  ही  सम्मान  हो गये।१। *…See More
Saturday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Friday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"क्षमा कीजियेगा 'मुसाफ़िर' जी "
Feb 5
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी 'मुसफ़िर' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला आपकी…"
Feb 5
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। सुंदर गजल हुई है। भाई रवि जी की सलाह से यह और निखर गयी है । हार्दिक…"
Feb 5
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Feb 4
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"ग़ज़ल 2122   1212  22 आ कभी देख तो ले फ़ुर्सत में क्या से क्या हो गए महब्बत में मैं…"
Feb 4

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत - भैंस उसी की जिसकी लाठी // सौरभ
"  आपका हार्दिक धन्यवाद, आदरणीय लक्ष्मण धामी ’मुसाफिर’ जी   "
Feb 4

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service