For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

मिथिलेश वामनकर's Discussions (7,388)

Discussions Replied To (5725) Replies Latest Activity

"आदरणीय तिलक राज कपूर सर मुशायरे का आग़ाज़ एक उम्दा और  खूबसूरत ग़ज़ल से करने के लिए…"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 30, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-55

567 Jan 31, 2015
Reply by MAHIMA SHREE

"चमन के वास्ते जो आसमां निसार करे कहाँ कयाम करे कौन सा दयार करे   अजीब जेब है देखों त…"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 30, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-55

567 Jan 31, 2015
Reply by MAHIMA SHREE

"आदरणीय डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव सर आपने संपन्न सफल आयोजन की जीवंत रिपोर्ट प्रस्तुत…"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 26, 2015 to ओपन बुक्स आन लाइन, लखनऊ चैप्टर की मासिक काव्य गोष्ठी दिनांक 25 जनवरी 2015 पर एक रिपोर्ट

8 Feb 11, 2015
Reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव

मुख्य प्रबंधक

"http://bhashaindia.com/ साईट - ये माइक्रोसॉफ्ट कम्पनी की साईट है जो फॉण्ट/कन्वर्टर /…"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 25, 2015 to देवनागरी (हिंदी) लिपि टंकण के लिये एक बेहतरीन टूल

44 Jan 25, 2015
Reply by Er. Ganesh Jee "Bagi"

मुख्य प्रबंधक

"आदरणीय कॉपी पेस्ट से मुक्ति का एक और उपाय है. अधिकांश लोग माइक्रोसॉफ्ट ऑपरेटिंग सिस्…"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 25, 2015 to देवनागरी (हिंदी) लिपि टंकण के लिये एक बेहतरीन टूल

44 Jan 25, 2015
Reply by Er. Ganesh Jee "Bagi"

"मंच के सक्रीय सदस्य आदरणीय भुवन निस्तेज जी को जन्म दिवस की हार्दिक शुभकामनायें    आ…"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 22, 2015 to खुशियाँ और गम, ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार के संग...

3552 Sep 14, 2024
Reply by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी

मुख्य प्रबंधक

"आदरणीय डॉ विजय शंकर सर लाइक-लीला के लिए सोशल मीडिया की साईट ही बहुत है. इस मंच पर जो…"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 21, 2015 to क्या हम लेखको का हक मार रहे है ?

172 Jan 17, 2017
Reply by gaurav kumar pandey

मुख्य प्रबंधक

"\\आलोचना और समालोचना दोनो बहुत ही महत्वपूर्ण होते है रचना के नवनिर्माण में ।\\ आदरणी…"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 21, 2015 to क्या हम लेखको का हक मार रहे है ?

172 Jan 17, 2017
Reply by gaurav kumar pandey

मुख्य प्रबंधक

" सहमत आदरणीय डॉ विजय शंकर सर ! बहुत अच्छी बात कही है आपने. "

मिथिलेश वामनकर replied Jan 20, 2015 to क्या हम लेखको का हक मार रहे है ?

172 Jan 17, 2017
Reply by gaurav kumar pandey

"आदरणीय जितेन्द्र जी आपका हार्दिक आभार।"

मिथिलेश वामनकर replied Jan 20, 2015 to एक घोषणा:-महीने का सक्रिय सदस्य (Active Member of the Month)

1065 Dec 3, 2016
Reply by सुरेश कुमार 'कल्याण'

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Jaihind Raipuri posted a blog post

वो समझते हैं मस्ख़रा दिल हैं

ग़ज़ल 2122  1212  22वो समझते हैं मस्ख़रा दिल हैकितने दुःख दर्द से भरा दिल हैये मेरा क्यूँ हुआ है…See More
Thursday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . . घूस
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन आपकी मनोहारी प्रतिक्रिया से समृद्ध हुआ । हार्दिक आभार आदरणीय । फागोत्सव…"
Wednesday
Nilesh Shevgaonkar and Dayaram Methani are now friends
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"ग़ज़ल 2122   1212   22 वो समझते हैं मस्ख़रा दिल है कितने दुःख दर्द से भरा दिल…"
Tuesday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . . घूस
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
Tuesday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

माना कि रंग भाते न फिर भी अगर पड़े -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२***पीछे गयी  है  छूट  जो  होली  गुलाल की साजिश है इसमें देख सियासी कपाल की।१। *…See More
Tuesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-131 (विषय मुक्त)
"जय-जय सादर"
Feb 28
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-131 (विषय मुक्त)
"बेटा,  व्तक्तिवाची नहीं"
Feb 28

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-131 (विषय मुक्त)
"  आदरणीय दयाराम जी, रचनाकार का काम रचनाएँ प्रस्तुत करना है। पाठक-श्रोता-समीक्षक रचनओं में अपनी…"
Feb 28
Dayaram Methani replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-131 (विषय मुक्त)
"आदरणीय सौरभ पांडेय जी, हर रचना से एक संदेश देने का प्रयास होता है। मुझे आपकी इस लघु कथा से कोई…"
Feb 28

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-131 (विषय मुक्त)
"उत्साहवर्द्धन के लिए हार्दिक धन्यवाद, आदरणीय लक्ष्मण धामी जी।  आप उन शब्दों या पंक्तियों को…"
Feb 28
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-131 (विषय मुक्त)
"आ. भाई सौरभ जी, सादर अभिवादन। बहुत सुंदर लघुकथा हुई है। हार्दिक बधाई। एक दो जगह टंकण त्रुतियाँ रह…"
Feb 28

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service