For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

khursheed khairadi's Discussions (267)

Discussions Replied To (207) Replies Latest Activity

"आदरणीय विजयशंकर सर ,ग़ज़ल के हर एक शेर में ज़ज्बों के हज़ार अफ़साने हैं | आशिकी किसी जंग…"

khursheed khairadi replied Feb 27, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-56

666 Mar 1, 2015
Reply by Hari Prakash Dubey

"सभी की आँखों से होली के रंग गायब हैंगुलाल रस्मी है, पिचकारियाँ नहीं चलतींहमेशा साथ ह…"

khursheed khairadi replied Feb 27, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-56

666 Mar 1, 2015
Reply by Hari Prakash Dubey

"तकाज़ा सादगी है, आखिरी सफर का यहाँ किसी कफ़न मे कभी धारियाँ नहीं चलतीं   मलक उल मौत का…"

khursheed khairadi replied Feb 27, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-56

666 Mar 1, 2015
Reply by Hari Prakash Dubey

"करे है  रोज सियासत  मुकर मुकर वादातवायफी   में  वफादारियाँ  नहीं  चलती मिलाना हाथ ही…"

khursheed khairadi replied Feb 27, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-56

666 Mar 1, 2015
Reply by Hari Prakash Dubey

"गया उधर वो जिधर लारियाँ नहीं चलतीं  सफ़र में इतनी रियाकारियाँ नहीं चलतीं    न दरबदर ह…"

khursheed khairadi replied Feb 27, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-56

666 Mar 1, 2015
Reply by Hari Prakash Dubey

"जुनूं    की   राह   में   दुश्वारियाँ   नहीं   चलती फ़ना   के   दौर   में   तैय्यारिय…"

khursheed khairadi replied Feb 27, 2015 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-56

666 Mar 1, 2015
Reply by Hari Prakash Dubey

"स्कूल-क्लास , रुई , तकली , कच्चा धागा ,नाचे तकली , बढ़ता धागा, धागे में विश्वास।धागे…"

khursheed khairadi replied Feb 14, 2015 to "ओ बी ओ लाइव महाउत्सव" अंक-52

901 Feb 14, 2015
Reply by maharshi tripathi

"अनमनायी स्मृतियों को बाहर आने मेंकोई खुशी नहीं होतीब्याह के लिए जबरन दिखलायी जातीलड़क…"

khursheed khairadi replied Feb 14, 2015 to "ओ बी ओ लाइव महाउत्सव" अंक-52

901 Feb 14, 2015
Reply by maharshi tripathi

"मासूम हजारों फँस जाते, अतृप्त इच्छा की डोर में।   इनकी चीखें कौन सुनें इस, वेलेंटाइन…"

khursheed khairadi replied Feb 14, 2015 to "ओ बी ओ लाइव महाउत्सव" अंक-52

901 Feb 14, 2015
Reply by maharshi tripathi

"अ    रज्जु     न ....   रज्जु के न होने को अस्वीकार कर अर्जुन की तरह   और हमें किसी…"

khursheed khairadi replied Feb 14, 2015 to "ओ बी ओ लाइव महाउत्सव" अंक-52

901 Feb 14, 2015
Reply by maharshi tripathi

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Blogs

Latest Activity

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"आ. भाई सुशील जी , सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर दोहा मुक्तक रचित हुए हैं। हार्दिक बधाई। "
yesterday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"आदरणीय अजय गुप्ताअजेय जी, रूपमाला छंद में निबद्ध आपकी रचना का स्वागत है। आपने आम पाठक के लिए विधान…"
yesterday
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"आदरणीय सौरभ जी सृजन के भावों को आत्मीय मान से अलंकृत करने का दिल से आभार आदरणीय जी ।सृजन समृद्ध हुआ…"
yesterday
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"आदरणीय सौरभ जी सृजन आपकी मनोहारी प्रतिक्रिया से समृद्ध हुआ । आपका संशय और सुझाव उत्तम है । इसके लिए…"
yesterday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"  आदरणीय सुशील सरना जी, आयोजन में आपकी दूसरी प्रस्तुति का स्वागत है। हर दोहा आरंभ-अंत की…"
yesterday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"  आदरणीय सुशील सरना जी, आपने दोहा मुक्तक के माध्यम से शीर्षक को क्या ही खूब निभाया है ! एक-एक…"
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

देवता क्यों दोस्त होंगे फिर भला- लक्ष्मण धामी "मुसाफिर"

२१२२/२१२२/२१२ **** तीर्थ  जाना  हो  गया  है सैर जब भक्ति का हर भाव जाता तैर जब।१। * देवता…See More
yesterday
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"अंत या आरंभ  --------------- ऋषि-मुनि, दरवेश ज्ञानी, कह गए सब संतहो गया आरंभ जिसका, है अटल…"
Saturday
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"दोहा पंचक  . . . आरम्भ/अंत अंत सदा  आरम्भ का, देता कष्ट  अनेक ।हरती यही विडम्बना ,…"
Saturday
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-182
"दोहा मुक्तक. . . . . आदि-अन्त के मध्य में, चलती जीवन रेख ।साँसों के अभिलेख को, देख सके तो देख…"
Saturday
vijay nikore commented on vijay nikore's blog post सुखद एकान्त है या है अकेलापन
"नमस्ते, सुशील जी। आप से मिली सराहना बह्त सुखदायक है। आपका हार्दिक आभार।"
Saturday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा एकादश. . . . . पतंग

मकर संक्रांति के अवसर परदोहा एकादश   . . . . पतंगआवारा मदमस्त सी, नभ में उड़े पतंग । बीच पतंगों के…See More
Wednesday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service