For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

pratibha pande's Discussions (4,643)

Discussions Replied To (3202) Replies Latest Activity

"आपकी रचना गलत थ्रेड में है आदरणीय   ये  नीलम जी की रचना पर  आने वाली टिप्पणियों का थ…"

pratibha pande replied Jun 16, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-92

275 Jun 17, 2018
Reply by ASHISH SHRIVASTAVA

"वाह वाह  बहुत शानदार सृजन  प्रदत्त विषय पर  हार्दिक बधाई आदरणीया नीलम उपाध्याय  जी "

pratibha pande replied Jun 16, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-92

275 Jun 17, 2018
Reply by ASHISH SHRIVASTAVA

"गूढ़  चिंतन समेटे प्रदत्त विषय पर सुन्दर सृजन  हार्दिक बधाई आदरणीय डॉ सुकुल जी "

pratibha pande replied Jun 16, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-92

275 Jun 17, 2018
Reply by ASHISH SHRIVASTAVA

"धूप जगत को बोध कराती  शीतल छाया रस बरसाती धूप छाँव मिल जगत चलाये बिन इसके ये जग मिट…"

pratibha pande replied Jun 16, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-92

275 Jun 17, 2018
Reply by ASHISH SHRIVASTAVA

"मनुहारों के साथ हो, थोड़ी तो तकरारधूप छाँव सी प्रीत से, सुंदर घर संसार।७।//  वाह बहुत…"

pratibha pande replied Jun 16, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-92

275 Jun 17, 2018
Reply by ASHISH SHRIVASTAVA

"काट कर इस ज़मीं के शजर बे जुबांरह में है ढूंढता आदमी धूप छाँव |// बहुत खूब  , हार्दि…"

pratibha pande replied Jun 16, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-92

275 Jun 17, 2018
Reply by ASHISH SHRIVASTAVA

"प्रदत्त विषय पर प्रभावी हाइकू हार्दिक बधाई आदरणीय ,मोहम्मद आरिफ जी |  ईद की  हार्दिक…"

pratibha pande replied Jun 16, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-92

275 Jun 17, 2018
Reply by ASHISH SHRIVASTAVA

"गीत [ प्रथम प्रस्तुति ]   बाहर बूँदों की दस्तक है   अन्दर विरहा धूप जले   आ भी जाओ द…"

pratibha pande replied Jun 16, 2018 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-92

275 Jun 17, 2018
Reply by ASHISH SHRIVASTAVA

"हार्दिक बधाई व ढेरों शुभकामनाएँ आदरणीया राजेश जी"

pratibha pande replied Jun 4, 2018 to खुशियाँ और गम, ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार के संग...

3552 Sep 14, 2024
Reply by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी

"हार्दिक आभार आदरणीय उस्मानी जी"

pratibha pande replied May 31, 2018 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-38 (विषय: "डर")

373 May 31, 2018
Reply by Sheikh Shahzad Usmani

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity


सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on रामबली गुप्ता's blog post कर्मवीर
"कर्मवीरों के ऊपर आपकी छांदसिक अभिव्यक्ति का स्वागत है, आदरणीय रामबली गुप्त जी.  मनहरण…"
2 hours ago
Jaihind Raipuri posted a blog post

ग़ज़ल

2122    1212    22 आ कभी देख तो ले फ़ुर्सत मेंक्या से क्या हो गए महब्बत में मैं ख़यालों में आ गया उस…See More
7 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . . रिश्ते

दोहा पंचक. . . . रिश्तेमिलते हैं  ऐसे गले , जैसे हों मजबूर ।निभा रहे संबंध सब , जैसे हो दस्तूर…See More
7 hours ago
Jaihind Raipuri commented on Admin's group आंचलिक साहित्य
"कुंडलिया छत्तीसगढ़ी छत्तीसगढ़ी ह भाखा, सरल ऐकर बिधान सहजता से बोल सके, लइका अऊ सियान लइका अऊ…"
7 hours ago
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . . रिश्ते
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन के भावों को मान देने का दिल से आभार आदरणीय "
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

तब मनुज देवता हो गया जान लो,- लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२१२/२१२/२१२/२१२**अर्थ जो प्रेम का पढ़ सके आदमीएक उन्नत समय गढ़ सके आदमी।१।*आदमीयत जहाँ खूब महफूज होएक…See More
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . . रिश्ते
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। सुंदर दोहै हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
yesterday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . . रिश्ते

दोहा पंचक. . . . रिश्तेमिलते हैं  ऐसे गले , जैसे हों मजबूर ।निभा रहे संबंध सब , जैसे हो दस्तूर…See More
Sunday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post देवता क्यों दोस्त होंगे फिर भला- लक्ष्मण धामी "मुसाफिर"
"आ. भाई सौरभ जी, सादर अभिवादन व आभार।"
Saturday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post सच काफिले में झूठ सा जाता नहीं कभी - लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'
"आ. भाई रवि जी, सादर अभिवादन। गजल पर उपस्थिति और सुंदर सुझाव के लिए हार्दिक आभार।"
Saturday
Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-130 (विषय मुक्त)
"बेशक। सच कहा आपने।"
Saturday
Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-130 (विषय मुक्त)
"मेरा प्रयास आपको अच्छा और प्रेरक लगा। हार्दिक धन्यवाद हौसला अफ़ज़ाई हेतु आदरणीय मनन कुमार सिंह जी।"
Saturday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service