For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Sheikh Shahzad Usmani's Discussions (5,135)

Discussions Replied To (4469) Replies Latest Activity

"पुनः चिंतन-मनन और आत्ममंथन करने को प्रेरित करती यथार्थपूर्ण, तथ्यपूर्ण बहुत बढ़िया स…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 8, 2019 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-101

241 Mar 9, 2019
Reply by मिथिलेश वामनकर

"सचेत करती, आत्मविश्वास के साथ आह्वान करती बहुत बढ़िया ग़ज़ल हेतु हार्दिक बधाई आदरणीय…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 8, 2019 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-101

241 Mar 9, 2019
Reply by मिथिलेश वामनकर

"वतन से संबंधित सभी समसामयिक व अहम बातों पर केंद्रित बहुत बढ़िया ग़ज़ल। हार्दिक बधाई…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 8, 2019 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-101

241 Mar 9, 2019
Reply by मिथिलेश वामनकर

" अपने अज़ीज़ वतन के प्रति बहुत बढ़िया आरजू, अरमान ज़ाहिर करती बढ़िया रचना। हार्दिक ब…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 8, 2019 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-101

241 Mar 9, 2019
Reply by मिथिलेश वामनकर

"एक सच्चे भारतीय के मन की बात शाब्दिक करती बहुत बढ़िया रचना। हार्दिक बधाई आदरणीय मिथि…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 8, 2019 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-101

241 Mar 9, 2019
Reply by मिथिलेश वामनकर

"रचना में बहुत बढ़िया मुद्दे उठाए गए हैं। हार्दिक बधाई आदरणीय बासुदेव अग्रवाल 'नमन' स…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 8, 2019 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-101

241 Mar 9, 2019
Reply by मिथिलेश वामनकर

""समग्र आत्मनिर्भर मैं?" ( छंदमुक्त कविता) : चाह नहीं! मैं विकसित देशों की माला मेंज…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 8, 2019 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-101

241 Mar 9, 2019
Reply by मिथिलेश वामनकर

प्रधान संपादक

"वाह। इस त्वरित संकलन हेतु व सफल आयोजन/संचालन हेतु हार्दिक बधाई और आभार आदरणीय संचालक…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 1, 2019 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-47 में स्वीकृत लघुकथाएँ

12 Apr 10, 2019
Reply by babitagupta

"आदाब। रचना पर समय देकर सुझाव और प्रोत्साहन हेतु हार्दिक धन्यवाद आदरणीय महेंद्र कुमार…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Mar 1, 2019 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-47 (विषय समाधान)

263 Mar 1, 2019
Reply by योगराज प्रभाकर

"आदाब। मेरी इस रचना की गहराई तक जाकर अनुमोदन और हौसला अफ़ज़ाई हेतु हार्दिक धन्यवाद आद…"

Sheikh Shahzad Usmani replied Feb 28, 2019 to "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-47 (विषय समाधान)

263 Mar 1, 2019
Reply by योगराज प्रभाकर

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Admin added a discussion to the group चित्र से काव्य तक
Thumbnail

'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 176

आदरणीय काव्य-रसिको !सादर अभिवादन !!  ’चित्र से काव्य तक’ छन्दोत्सव का यह एक सौ…See More
3 hours ago
Admin posted a discussion

"ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183

आदरणीय साहित्य प्रेमियो, जैसाकि आप सभी को ज्ञात ही है, महा-उत्सव आयोजन दरअसल रचनाकारों, विशेषकर…See More
3 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . . संयोग शृंगार
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। संयोग शृंगार पर सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
6 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . . संयोग शृंगार

दोहा पंचक. . . .संयोग शृंगारअभिसारों के वेग में, बंध हुए निर्बंध । मौन सभी खंडित हुए, शेष रही…See More
Sunday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२ ****** घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये उघड़े  शरीर  आप  ही  सम्मान  हो गये।१। *…See More
Saturday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Friday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"क्षमा कीजियेगा 'मुसाफ़िर' जी "
Thursday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी 'मुसफ़िर' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला आपकी…"
Thursday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। सुंदर गजल हुई है। भाई रवि जी की सलाह से यह और निखर गयी है । हार्दिक…"
Thursday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Feb 4
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"ग़ज़ल 2122   1212  22 आ कभी देख तो ले फ़ुर्सत में क्या से क्या हो गए महब्बत में मैं…"
Feb 4

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत - भैंस उसी की जिसकी लाठी // सौरभ
"  आपका हार्दिक धन्यवाद, आदरणीय लक्ष्मण धामी ’मुसाफिर’ जी   "
Feb 4

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service