For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Ram Krishna Khurana
  • Male
  • Ludhiana (Punjab)
  • India
Share on Facebook MySpace
  • Feature Blog Posts
  • Discussions
  • Events
  • Groups
  • Photos
  • Photo Albums
  • Videos

Ram Krishna Khurana's Friends

  • PRADEEP KUMAR SINGH KUSHWAHA
 

Ram Krishna Khurana's Page

Profile Information

Gender
Male
City State
Ludhiana (Punjab)
Native Place
Ludhiana
Profession
Service
About me
11 फरवरी 1948 का दिन वह दिन था जब मैंने अपनी ममतामयी मां की गोद में पहली किलकारी भरी थी ! इस संसार को छोडने के पश्चात भी नाम चलता रहे यह इच्छा बचपन से ही रही है ! इस तृप्ति की पूर्ति भी लेखक-जीवन में अनुभव करता हूं ! पहली रचना (एक सत्य कथा) 1970 में दैनिक हिन्दुस्तान, दिल्ली से प्रकाशित हुई ! इसके पश्चात मेरी लगभग 80 रचनांए सारिका, रविवार, मिलिन्द, चुलबुला, कहानीकार, एकांत, नवभारत टाईम्स, हिन्दुस्तान, दैनिक ट्रिब्यून, विनीत, अरा सृष्टि, स्वर्णिम प्रकाश, युगेन्द्र, वीर अर्जुन, पंजाब केसरी, वीर प्रताप, शिवालिक सन्देश तथा पब्लिक सिंडीकेट द्वारा कई लब्ध प्रतिष्ठ पत्र-पत्रिकायों में प्रकाशित हो चुकी हैं ! कई रचनांए कहानी व लघुकथा संस्करणों में प्रकाशित ! तीन रचनांए आकाशवाणी (आल ईंडिया रेडियो) से प्रसारित ! कई रचनांए पुरस्कृत ! शिवालिक सन्देश में स्तम्भ लेखक के रुप में प्रतिसप्ताह व्यंग लेखन ! दैनिक जागरण के मंच – जागरण जंक्शन द्वारा प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार प्राप्त ! जागरण जंक्शन द्वारा ही सर्वोत्तम लेखन के लिए “हाल आफ फेम” में चयनित !

Comment Wall (2 comments)

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

At 12:56am on February 11, 2016,
सदस्य कार्यकारिणी
मिथिलेश वामनकर
said…

ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार की ओर से आपको जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनायें...

At 4:26pm on June 5, 2012, PRADEEP KUMAR SINGH KUSHWAHA said…

आदरणीय खुराना जी , सादर अभिवादन 

आपका हार्दिक स्वागत है. स्नेह प्रदान करते रहिएगा.

 
 
 

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Chetan Prakash replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
" दोहा मुक्तक :  हिम्मत यदि करके कहूँ, उनसे दिल की बात  कि आज चौदह फरवरी, करो प्यार…"
13 minutes ago
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"दोहा एकादश. . . . . दिल दिल से दिल की कीजिये, दिल वाली वो बात । बीत न जाए व्यर्थ के, संवादों में…"
2 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"गजल*****करता है कौन दिल से भला दिल की बात अबबनती कहाँ है दिल की दवा दिल की बात अब।१।*इक दौर वो…"
10 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"सादर अभिवादन।"
10 hours ago
Admin replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"स्वागतम"
16 hours ago
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post ग़ज़ल
"  आदरणीय रवि भसीन 'शाहिद' जी सादर नमस्कार, रास्तो पर तीरगी...ये वही रास्ते हैं जिन…"
yesterday
Admin added a discussion to the group चित्र से काव्य तक
Thumbnail

'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 176

आदरणीय काव्य-रसिको !सादर अभिवादन !!  ’चित्र से काव्य तक’ छन्दोत्सव का यह एक सौ…See More
Tuesday
Admin posted a discussion

"ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183

आदरणीय साहित्य प्रेमियो, जैसाकि आप सभी को ज्ञात ही है, महा-उत्सव आयोजन दरअसल रचनाकारों, विशेषकर…See More
Tuesday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . . संयोग शृंगार
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। संयोग शृंगार पर सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
Tuesday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . . संयोग शृंगार

 अभिसारों के वेग में, बंध हुए निर्बंध । मौन सभी खंडित हुए, शेष रही मधुगंध ।। प्रेम लोक की कल्पना,…See More
Sunday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२ ****** घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये उघड़े  शरीर  आप  ही  सम्मान  हो गये।१। *…See More
Feb 7
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Feb 6

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service