For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s Discussions (5,304)

Discussions Replied To (4420) Replies Latest Activity

"आ० भाई तस्दीक अहमद जी . बहुत सूंदर ग़ज़ल हुई है हार्दिक बधाई स्वीकारें l"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Sep 9, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-71

562 Sep 10, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"आ० प्रतिभा जी इस सूंदर गीत के लिए बधाई स्वीकारें l"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Sep 9, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-71

562 Sep 10, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"आ० भाई समर कबीर जी . इन बेहतरीन दोहों के लिए हार्दिक बधाई स्वीकारें l"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Sep 9, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-71

562 Sep 10, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"आ० भाई सौरभ जी . अभिवादन . एक बेहतरीन सन्देश देती इस गीतिका छंद के लिए हार्दिक बधाई…"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Sep 9, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-71

562 Sep 10, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"आ० भाई अखिलेश जी , सूंदर दोहों से कार्यक्रम का शुभारम्भ करने के लिए कोटि कोटि बधाई l"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Sep 9, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-71

562 Sep 10, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"शीर्षक - कर्म / दोहा छंद  -----------------------------बड़बोले ही नित रहे, रंग जाति औ…"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Sep 9, 2016 to "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-71

562 Sep 10, 2016
Reply by मिथिलेश वामनकर

"आ० गुरप्रीत जी ग़ज़ल पर शिरकत के लिए आभार . घाम का अर्थ धूप से है"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Aug 27, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-74

649 Aug 27, 2016
Reply by Samar kabeer

"आ० भाई मनोज जी इस दिलकश ग़ज़ल के लिए हार्दिक बधाई l"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Aug 27, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-74

649 Aug 27, 2016
Reply by Samar kabeer

"ये दुआ है दाग़ कोई तेरे नाम तक न पहुँचे कोई खार ज़िन्दगी का कभी गाम तक न पहुँचे  क्या…"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Aug 27, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-74

649 Aug 27, 2016
Reply by Samar kabeer

"आ0 भाई नादिरखान जी इस गजल के लिए बधाई ।"

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied Aug 27, 2016 to "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-74

649 Aug 27, 2016
Reply by Samar kabeer

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"अच्छी ग़ज़ल हुई है ऋचा जी। मक्ता ख़ास तौर पर पसंद आया। बहुत दाद    दूसरा शेर भी बहुत…"
1 hour ago
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"प्रिय लक्ष्मण भाई, अच्छी ग़ज़ल हुई है। बधाई।  //पाप करने पे आ गया जब मैंरब की मौजूदगी को भूल…"
1 hour ago
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आदरणीय जयहिंद जी, नमस्कार, अच्छे अशआर हुए हैं। कहीं कहीं कुछ-कुछ परिवर्तन की ज़रूरत लग रही है।…"
1 hour ago
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"जिसको पाकर सभी को भूल गया  भूल से मैं उसी को भूल गया     राही जिद्द-ओ-जहद में…"
1 hour ago
Dayaram Methani replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"2122, 1212, 112/22 आदमी सादगी को भूल गयाक्या गलत क्या सही को भूल गया गीत गाये सभी तरह के पर मुल्क…"
1 hour ago
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"नमन मंच  सादर अभिवादन "
2 hours ago
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"2122 1212 112 बाप ख़ुद की ख़ुशी को भूल गया आज बेटा उसी को भूल गया १ ज़ीस्त की उलझनों में यूँ…"
2 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। गिरह सहित सुंदर गजल हुई है। हार्दिक बधाई।"
6 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"2122, 1212, 112**बिसलरी पा  नदी को भूल गयाहर अधर तिस्नगी को भूल गया।१।*पथ की हर रौशनी को भूल…"
10 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"सादर अभिवादन।"
10 hours ago
Jaihind Raipuri replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"क्या गिला वो किसी को भूल गय इश्क़ में जो ख़ुदी को भूल गया अम्न का ख़्वाब देखा रात को इक और फिर रात…"
14 hours ago
Jaihind Raipuri replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"सादर अभिवादन "
15 hours ago

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service