For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

GOPAL BAGHEL 'MADHU''s Discussions (76)

Discussions Replied To (74) Replies Latest Activity

"आज आया है कोई मम कल्पना में (मधु गीति सं. १७६६, दि. ३ अप्रेल, २०११) आज आया है कोई…"

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Apr 5, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ६ (Now Closed)

449 Apr 7, 2011
Reply by Admin

"अद्भुत अभिनव"

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

"प्रिय राजेश जी, नमस्कार! यहाँ तो अभी हिम की होली है ..आज शायं तेज मोटी मोटी बर्फ की…"

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

"झिलमिलाती रोशनी में नजर आये (मधु गीति सं. १६९१, दि. १ मार्च, २०११)   झिलमिलाती रोशनी…"

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

"प्रिय प्रीतम जी, नमस्कार!   भक्त समझें भक्त की मधु भावना साधना की सरलता की द्योतना "

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

"आदरणीय सलिल जी, प्रणाम!   ललक कर लालित्य को वरसा गए सलिल जी वरसाने राधा पा गये   "

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

"आदरणीय लता जी, नमस्कार!    मन भावन तन तारन प्रभु गाथा हृद शोभन  श्रद्धा औ भक्ति वरन…"

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

"प्रिय आशीष जी, शुभ स्नेह!   यह मधु गीतों की मालाएं आप जैसे प्रभु भक्तों के हृदय के ल…"

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

"प्रिय राणा प्रताप जी, नमस्कार!   आपको आनन्द देकर ये गीत और मधुर होगया."

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

"भावन के फागन में होली रंग रोज खिलें (मधु गीति सं. १७०६, दि. ३ मार्च, २०११)   भावन के…"

GOPAL BAGHEL 'MADHU' replied Mar 6, 2011 to "OBO लाइव महा उत्सव" अंक ५ (closed now)

656 Mar 6, 2011
Reply by Dr Nutan

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 176 in the group चित्र से काव्य तक
"चौपाई * बन्द शटर हैं  खुला न ताला।। दृश्य सुबह का दिखे निराला।।   रूप  मनोहर …"
3 hours ago
Chetan Prakash replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 176 in the group चित्र से काव्य तक
"शुभ प्रभात,  आदरणीय! चौपाई छंद:  भेदभाव सच सदा न होता  वर्ग- भेद कभी सच न…"
8 hours ago
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 176 in the group चित्र से काव्य तक
"चौपाई छंद +++++++++ करे मरम्मत जूते चप्पल। काम नित्य का यही आजकल॥ कटे फटे सब को सीता है। सदा…"
8 hours ago
Admin replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 176 in the group चित्र से काव्य तक
"स्वागतम"
20 hours ago
Admin posted discussions
20 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा सप्तक. . . . घूस

दोहा सप्तक. . . . . घूसबिना कमीशन आजकल, कब होता है काम ।कैसा भी हो काम अब, घूस हुई है आम ।।घास घूस…See More
Wednesday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा सप्तक. . . . प्यार

दोहा सप्तक. . . . प्यारप्यार, प्यार से माँगता, केवल निश्छल प्यार ।आपस का विश्वास ही, इसका है आधार…See More
Monday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई चेतन जी, उत्साहवर्धन व स्नेह के लिए आभार।"
Sunday
Sushil Sarna replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन के भावों को मान देने का दिल से आभार आदरणीय "
Feb 15
Chetan Prakash replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ.लक्ष्मणसिह धानी, 'मुसाफिर' साहब  खूबसूरत विषयान्तर ग़ज़ल हुई  ! हार्दिक …"
Feb 15
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई चेतन जी, सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर मुक्तक हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
Feb 15
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव महा उत्सव" अंक-183
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। प्रदत्त विषय पर सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
Feb 15

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service