For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Dr.Sarojini Sahoo
  • Female
  • Odisha
  • India
Share
  • Feature Blog Posts
  • Discussions
  • Events
  • Groups (2)
  • Photos (10)
  • Photo Albums
  • Videos

Dr.Sarojini Sahoo's Friends

  • Pankaj Trivedi

Dr.Sarojini Sahoo's Groups

 

Dr.Sarojini Sahoo's Page

Profile Information

Gender
Female
City State
Bhubaneswar
Native Place
Odisha
Profession
Writer
About me
A distinguished bilingual South Asian feminist writer

सरोजिनी साहू

नब्बे के दशक में कमलेश्वर ने ओडिया की लेखिका सरोजिनी साहू के सन्दर्भ

में लिखा था:

"प्रखरतम लेखिका के रूप में और यथार्थ स्पष्टवादिता के लिए सरोजिनी साहू

एक विशिष्ट नाम है. इनकी कहानियां मन को झकझोरती है. मध्यमवर्ग के

पारिवारिक जीवन की समस्याएं, उलझाने, सुख-दुःख, आशा-निराशा, संजोए-बिखरते

सपने, आम जिन्दगी के संघर्षशील अनुभवों को लेकर वे बड़े ही प्रखर शैली

में अपनी बात कहती हैं. ओडिया कथा-साहित्य में सरोजिनी साहू एक विशिष्ट

प्रतिभा का नाम है. अबतक उनका एक ही संकलन 'सुखर मुहाँ-मुहिं' प्रकाशित

हुआ है. यों नियमित रूप से पत्र-पत्रिकाओं में उनकी कहानियां प्रकशिओत

होती रहती हैं और बहु-चर्चित कथा लेखिका के रूप में उनकी ख्याति है."

देखें: भारतीय शिखर  कथा कोष   (http://bit.ly/13Rs1MB)

नब्बे के दशक की उस प्रतिभाशाली लेखिका आज भारतीय साहित्य में न केवल

शीर्ष स्थान पर हैं, बल्कि भारतीय नारीवाद को उन्होंने एक नया आयाम दिया

है. हिंदी में, इस प्रखरतम प्रतिभा के, अबतक दो उपन्यास और दो कहानी

संग्रह प्रकाशित हो चुके है.

उनकी रचनाएँ भारतीय  साहित्य में नारीवादी धारा का प्रमुख स्तंभ हैं। इस कारण उन्हें शिमोन दबउआ(Simone de Beauvoir) भी कहा जाता है। पर वे हेगेलीय तत्व "अन्यान्य" (Others) के स्तर पर सिमोन से अलग हैं। जुडिथ बटलर (Judith Buttler) या वर्जीनिया वूल्फ़(Virginia Woolf) की सोच से भी उनका नारीवाद थोड़ा अलग है। नारीवाद को लिंग समस्या (जेंडर प्रॉब्लम) से आगे पितृसतात्मक समाज के प्रति विरोध से परे नारियों की समूचे दुनिया का अलग ढंग से अवलोकन करना उनकी रचनाओं की विशेषता है। उनकी रचनाओं में यौनता को नया आयाम देने की कोशिश की गई है। वे यौनता को केवल दैहिक वासनाओं से जोड़कर देखने के बजाय उससे आगे लैंगिक समस्या, लैंगिक भूमिका, लैंगिक समता, लैंगिक पहचान से जोड़ कर देखती हैं. उनका उपन्यास "उपनिवेश " ओड़िया साहित्य का प्रथम उपन्यास माना जाता है जिसमे नारी की यौन भावनाओं को मुक्त रूप से स्वीकारा गया है। उपन्यास की नायिका मेधा बोहेमियन नारी है और सारा जीवन एक पुरुष के साथ बिताने मे ऊब जाती है। उनका सबसे चर्चित उपन्यास "गम्भिरी घर" एक पाकिस्तानी कलाकार और भारतीय गृह वधु की प्रेम कहानी है। इसमें आतंकवाद ,राष्ट्र और व्यक्ति में चल रहे संघर्षों तथा पाप, पुण्य की भावनाओं के द्वंद्व का बखूबी चित्रण किया गया है। ओड़िया साहित्य में नारीवादी स्वर को प्रखर करने की दृष्टि से "गम्भिरी घर" की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है।

( सूत्र :हिन्दी विकिपीडियाअंग्रेजी  विकिपीडियाफ्रेंच विकिपीडियारशियन  विकिपीडियापर्तुगिज़   विकिपीडियाओडिया विकिपीडिया)

बाह्य सूत्र:

सरोजिनी साहू होम पेज

सेन्स एन्ड सेन्सुएलिटी (ब्लॉग)

सेंट ऑफ़ ऑन इंक  (ब्लॉग)

फ़ेमिनैन-फ्रेग्रेन्स  (ब्लॉग)   

Dr.Sarojini Sahoo's Photos

  • Add Photos
  • View All

Comment Wall (1 comment)

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

At 10:28am on January 4, 2014,
मुख्य प्रबंधक
Er. Ganesh Jee "Bagi"
said…

 
 
 

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Blogs

Latest Activity

Samar kabeer commented on KALPANA BHATT ('रौनक़')'s blog post अनकहा रिश्ता (लघुकथा)
"बहना कल्पना भट्ट "रौनक़' जी आदाब,लघुकथा का प्रयास अच्छा है,बधाई स्वीकार करें । लेकिन रचना…"
14 minutes ago

सदस्य कार्यकारिणी
मिथिलेश वामनकर replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 94 in the group चित्र से काव्य तक
"दोहा छंद आधारित गीत आंगन में बिखरी खुशी, अँजुरी भरो बुहार।नटखट मासूमी अधर, करते रस विस्तार।। पाँव…"
24 minutes ago
pratibha pande replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 94 in the group चित्र से काव्य तक
"प्रदत्त चित्र के आलोक मे बहुत सुन्दर दोहावली। हार्दिक बधाई आदरणीय डाॅ छोटेलाल सिंह जी"
1 hour ago
Naveen Mani Tripathi commented on Naveen Mani Tripathi's blog post ग़ज़ल
"आ0 आमोद श्रीवास्तव जी हार्दिक आभार"
1 hour ago
Naveen Mani Tripathi commented on Naveen Mani Tripathi's blog post ग़ज़ल
"आ0 कबीर सर सादर नमन  ख़बर है मुझको तेरे इश्क़ की बुलन्दी से  मिसरे को ऐसा कर रहा हूँ "
1 hour ago
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 94 in the group चित्र से काव्य तक
"मिली बधाई आपकी, रहा न कुछ भी शेष। धन्यवाद प्रतिभा तुम्हें, कहता है अखिलेश॥"
2 hours ago
Samar kabeer commented on गिरधारी सिंह गहलोत 'तुरंत ''s blog post जब आपकी नज़र में वफ़ा सुर्ख़रू नहीं (२७ )
"'ग़लत'12 होता है,'ग़ल्त'कोई शब्द ही नहीं,ये शायद पंजाबी उच्चारण है…"
3 hours ago
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 94 in the group चित्र से काव्य तक
"मिली बधाई आपकी, भाई श्री मिथिलेश। धन्यवाद आभार भी, कहता है अखिलेश॥"
3 hours ago
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 94 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीया प्रतिभाजी रहते कितने प्रेम से, गाँवों में  परिवार। छंद रचे जिस भाव से, चित्र हुआ…"
3 hours ago
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 94 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीया राजेशजी छंद रचे जिस भाव से, चित्र हुआ साकार। घोल दिया है दूध में, माँ दादी का प्यार॥"
3 hours ago
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 94 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय भाई छोटेलालजी सुंदर शब्दों से रचे, कितने सुंदर छंद। चित्र को साकार किया, दोहे का हर बंद॥"
3 hours ago
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 94 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय अशोक भाईजी, सभी छंद में गाँव  की, खुशबू है औ’ प्यार। इसीलिए लगते भले, भारत के…"
4 hours ago

© 2019   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service