For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

त्रिसुगंधि (गीत ग़ज़ल व कविताओं का संकलन) का लोकापर्ण

काठमांडू नेपाल में होटल शंकर में अंतर्राष्ट्रीय साहित्यकला मंच मुरादाबाद द्वारा आयोजित दिनांक 8 जून से 11 जून तक हुई अंतराष्ट्रीय हिंदी संगोष्ठी में द्वारा 134 लेखकों को लेकर संपादित की गई पुस्तक त्रिसुगंधि  गीत ग़ज़ल व कविताओं का संकलन 296 पृष्ठों की इस पुस्तक का लोकापर्ण करते अतिथिगण , कार्यक्रम के अध्यक्षडॉ हरिराज  सिंह  नूर  पूर्व कुलपति इ .वी .वी, मुख्य अतिथि थे डॉ  आर के मित्तल कुलपति टी .एम .यू ,विशिष्ट अतिथि डॉ शेर बहादुर सिंह अमेरिका ,डॉ गिरिजा शरण अग्रवाल गुडगांव हरियाणा ,डॉ सावित्री वशिष्ठ सिंगापुर ,डॉ आनंद सुमन सिंह उत्तराखंड ,प्रो हीराबहादुर महाराजन कुलपति त्रिभुवन विश्व विधालय नैपाल ,डॉ सुरेश चन्द्र शुक्ला अलोक नार्वे ..इस पुस्तक में हमारे ओपन बुक से भी बहुत सरे रचनाकार सम्मिलित है उसकी सूचि  एक दो दिन में जारी करेंगे .. यह पुस्तक बोधि प्रकाशन जयपुर से प्रकाशित हुई है 

Views: 1190

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

Comment by vijay nikore on August 15, 2013 at 8:26am

आशा जी, यह पुस्तक कैसे मिल सकती है?

इसका link obo पर भी लग सकता है क्या...ताकि जो लोग भारत में नहीं हैं वह भी पढ़ सकें

 

विजय

Comment by कुमार गौरव अजीतेन्दु on August 14, 2013 at 2:42pm

हार्दिक बधाई आदरणीया आशा जी...............

Comment by जितेन्द्र पस्टारिया on August 8, 2013 at 3:01pm

आदरणीया आशा जी,

सर्वप्रथम आपको बहुत बधाई 

"त्रिसुगंधी" मैंने मंगवा ली और बहुत रूचि से पढ़ी, सम्पादन उत्कृष्ट कोटि का है एवं रचना बेहतर चयनित है|

इस खूबसूरत उपलब्धी हेतु आपको बहुत बहुत शुभकामनाये !  

सादर !

Comment by vijay nikore on August 8, 2013 at 1:11pm

आदरणीया आशा जी:

इसकी प्रति ओ.बी.ओ. पर कब तक पोस्ट हो सकती है?

सादर,

विजय निकोर

Comment by वीनस केसरी on July 3, 2013 at 11:28pm

अभी तक तो गणेश भाई ने रचनाकारों के नाम जारी नहीं किया हैं ...
शायद किताब उन तक नहीं पहुँच सकी है
मुझ तक तो खैर अभी नहीं ही आई है ...


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Saurabh Pandey on July 3, 2013 at 10:47pm

आदरणीया आशाजी, आपकी साहित्य-संलग्नता अभिभूत करती है. इस आयोजन को एक प्रारम्भ से देख सुन समझ रहा हूँ, अतः सफलतापूर्वक सम्पन्न होने की सूचना मिलना एक सुखद अनुभूति है.

ओबीओ से सम्बद्ध रचनाकारों की प्रतियाँ कैसे कहाँ आयेंगीं, यह पूरी तरह स्पष्ट नहीं हुआ मुझे.

सादर

Comment by बृजेश नीरज on June 19, 2013 at 10:50pm

हार्दिक शुभकामनाएं आदरणीया आशा जी!

Comment by ram shiromani pathak on June 19, 2013 at 10:11pm

हार्दिक शुभकामनाएं आदरणीया आशा जी*******

Comment by अरुन 'अनन्त' on June 19, 2013 at 9:28pm

हार्दिक बधाई व अनन्त शुभकामनाएं आदरणीया बेहद सुखद समाचार

Comment by Abhinav Arun on June 19, 2013 at 4:18pm

क्या कहने आशा दी बहुत बहुत बधाई !! आपने एक महत्वपूर्ण कार्य किया है इस साहित्यिक सेवा हेतु आपकी जितनी प्रशंसा की जाए कम होगी । निरन्तर आगे बढ़ते जाए नए साहित्यिक प्रतिमान गढ़े यही कामना है !!

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२ ****** घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये उघड़े  शरीर  आप  ही  सम्मान  हो गये।१। *…See More
2 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
22 hours ago
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"क्षमा कीजियेगा 'मुसाफ़िर' जी "
yesterday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी 'मुसफ़िर' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला आपकी…"
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। सुंदर गजल हुई है। भाई रवि जी की सलाह से यह और निखर गयी है । हार्दिक…"
Thursday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"ग़ज़ल 2122   1212  22 आ कभी देख तो ले फ़ुर्सत में क्या से क्या हो गए महब्बत में मैं…"
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत - भैंस उसी की जिसकी लाठी // सौरभ
"  आपका हार्दिक धन्यवाद, आदरणीय लक्ष्मण धामी ’मुसाफिर’ जी   "
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Sushil Sarna's blog post दोहा एकादश. . . . . पतंग
"आदरणीय सुशील सरनाजी, पतंग को लगायत दोहावलि के लिए हार्दिक बधाई  सुघड़ हाथ में डोर तो,…"
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय रवि भसीन 'शहीद' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला ग़ज़ल तक आए और हौसला…"
Wednesday
Sushil Sarna posted blog posts
Tuesday
रवि भसीन 'शाहिद' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय Jaihind Raipuri जी,  अच्छी ग़ज़ल हुई। बधाई स्वीकार करें। /आयी तन्हाई शब ए…"
Tuesday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service