For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव's Discussions (3,041)

Discussions Replied To (2042) Replies Latest Activity

"आदरणीय सौरभ जी         आपका आशीष  हमें प्रति रिपोर्ट अनवरत मिलता है ,यह हमारी प्रेरण…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 18, 2015 to ओ.बी.ओ. लखनऊ चैप्टर की मासिक गोष्ठी माह मार्च 2015 पर एक दृष्टि - डा0 गोपाल नारायण श्रीवास्तव

9 Mar 22, 2015
Reply by sharadindu mukerji

"आ० निकोर जी सादर प्रणाम !कितना मिस किया आपको . अब आश्वस्त हुआ हूँ . मैंने 'बावरा अहे…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 16, 2015 to नए प्रतीकों की पहल में अज्ञेय का ‘बावरा अहेरी’ -

17 Apr 26, 2015
Reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव

"आ० सौरभ जी आपका आशीष पाकर  कृतकृत्य हूँ . सादर ."

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 16, 2015 to नए प्रतीकों की पहल में अज्ञेय का ‘बावरा अहेरी’ -

17 Apr 26, 2015
Reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव

"अ० खुर्शीद खैरादी जी आपके कोर्स में थी तब तो मेरी प्रस्तुति सार्थक हुयी ."

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 16, 2015 to नए प्रतीकों की पहल में अज्ञेय का ‘बावरा अहेरी’ -

17 Apr 26, 2015
Reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव

"आ० नीर जी आपका हृदय से आभार ."

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 16, 2015 to नए प्रतीकों की पहल में अज्ञेय का ‘बावरा अहेरी’ -

17 Apr 26, 2015
Reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव

"दादा शरदिंदु जी आपके स्नेह का अनुगामी हूँ . सादर ."

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 16, 2015 to नए प्रतीकों की पहल में अज्ञेय का ‘बावरा अहेरी’ -

17 Apr 26, 2015
Reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव

"महनीय श्रृदधा  जी आपका सादर आभार ."

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 16, 2015 to नए प्रतीकों की पहल में अज्ञेय का ‘बावरा अहेरी’ -

17 Apr 26, 2015
Reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव

"आ० हरी प्रकाश जी समझाने के लिए सरलता तो आवश्यक है ही . सादर ."

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 16, 2015 to नए प्रतीकों की पहल में अज्ञेय का ‘बावरा अहेरी’ -

17 Apr 26, 2015
Reply by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव

प्रधान संपादक

"महनीया आपने होली का अनोखा रूप दिखाया  i क्या बात है i- ह्याँ होळी में डरें छोरियाँ,…"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 7, 2015 to "ओ बी ओ लाइव महा-उत्सव" (होली स्पेशल) अंक-53

1413 Mar 7, 2015
Reply by Saurabh Pandey

प्रधान संपादक

"आ० लड़ी वाला जी भंग की तरह नशीली कुण्डलियाँ"

डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव replied Mar 7, 2015 to "ओ बी ओ लाइव महा-उत्सव" (होली स्पेशल) अंक-53

1413 Mar 7, 2015
Reply by Saurabh Pandey

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . . संयोग शृंगार

दोहा पंचक. . . .संयोग शृंगारअभिसारों के वेग में, बंध हुए निर्बंध । मौन सभी खंडित हुए, शेष रही…See More
4 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' posted a blog post

घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये -लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर'

२२१/२१२१/१२२१/२१२ ****** घर के रिवाज चौक में जब दान हो गये उघड़े  शरीर  आप  ही  सम्मान  हो गये।१। *…See More
yesterday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Friday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"क्षमा कीजियेगा 'मुसाफ़िर' जी "
Thursday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी 'मुसफ़िर' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला आपकी…"
Thursday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आ. भाई जयहिंद जी, सादर अभिवादन। सुंदर गजल हुई है। भाई रवि जी की सलाह से यह और निखर गयी है । हार्दिक…"
Thursday
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा पंचक. . . दिल

दोहा पंचक. . . . . दिलरात गुजारी याद में, दिन बीता बेचैन । फिर से देखो आ गई, दिल की दुश्मन रैन…See More
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"ग़ज़ल 2122   1212  22 आ कभी देख तो ले फ़ुर्सत में क्या से क्या हो गए महब्बत में मैं…"
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत - भैंस उसी की जिसकी लाठी // सौरभ
"  आपका हार्दिक धन्यवाद, आदरणीय लक्ष्मण धामी ’मुसाफिर’ जी   "
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Sushil Sarna's blog post दोहा एकादश. . . . . पतंग
"आदरणीय सुशील सरनाजी, पतंग को लगायत दोहावलि के लिए हार्दिक बधाई  सुघड़ हाथ में डोर तो,…"
Wednesday
Jaihind Raipuri commented on Jaihind Raipuri 's blog post ग़ज़ल
"आदरणीय रवि भसीन 'शहीद' जी सादर अभिवादन बहुत शुक्रिया आपने वक़्त निकाला ग़ज़ल तक आए और हौसला…"
Wednesday
Sushil Sarna posted blog posts
Tuesday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service