For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

Dr.Prachi Singh's Discussions (3,905)

Discussions Replied To (958) Replies Latest Activity

"अब तो महानगरों जैसे प्रदूषण के हालात मध्यम और छोटे शहरों  में भी होने लगे हैं, वायु…"

Dr.Prachi Singh replied Nov 19, 2022 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक 139

60 Nov 21, 2022
Reply by Saurabh Pandey

"अहा अहा ! मन आनंदित प्रफुल्लित हो  गया इतनी सुंदर सरस छान्दसिक अभियक्ति पर ... बहुत…"

Dr.Prachi Singh replied Nov 19, 2022 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक 139

60 Nov 21, 2022
Reply by Saurabh Pandey

"सरसी छंद में प्रदत्त चित्र को शाब्दिक अभिव्यक्ति देने का बहुत सुंदर प्रयास हुआ है आद…"

Dr.Prachi Singh replied Nov 19, 2022 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक 139

60 Nov 21, 2022
Reply by Saurabh Pandey

"बिलकुल सही "

Dr.Prachi Singh replied Jul 21, 2019 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 99

97 Jul 22, 2019
Reply by Saurabh Pandey

"बहुत सुन्दर गीत  बस इस पदांश "इच्छाशक्ती प्रबल आत्मबल" को पुनः देखें बहुत बहुत बधाई "

Dr.Prachi Singh replied Jul 21, 2019 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 99

97 Jul 22, 2019
Reply by Saurabh Pandey

"बादल बरसो उमड़ घुमड़ कर, हरी करो डाली डाली पंछी नीड़ बसाएं आ कर, गाए कोयल मतवाली वाह बह…"

Dr.Prachi Singh replied Jul 21, 2019 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 99

97 Jul 22, 2019
Reply by Saurabh Pandey

"भले नहीं हैं गंध मधुर पर, रंगों का शहजादा है गुलमोहर का रूप मनोहर, सम्मोहन भी ज्यादा…"

Dr.Prachi Singh replied Jul 21, 2019 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 99

97 Jul 22, 2019
Reply by Saurabh Pandey

"शब्द चित्र इतना सुन्दर है, झूम उठा है सावन दृश्य गढ़े इतने मनमोहक, नाच उठा मेरा मन बह…"

Dr.Prachi Singh replied Jul 21, 2019 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 99

97 Jul 22, 2019
Reply by Saurabh Pandey

"गुलमोहर सी  प्यारी यादें , और उन्हें संजोता प्यारा सा गीत चाह्दी के डोरों के ताने ..…"

Dr.Prachi Singh replied Jul 21, 2019 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 99

97 Jul 22, 2019
Reply by Saurabh Pandey

"वाह किया सुन्दर परिभाषित, दिए चित्र को भाई बस थोड़ी वर्तनी सुधारें , हो स्वीकार बधाई "

Dr.Prachi Singh replied Jul 21, 2019 to "ओबीओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक- 99

97 Jul 22, 2019
Reply by Saurabh Pandey

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Blogs

Latest Activity

Ashok Kumar Raktale posted blog posts
28 minutes ago
Chetan Prakash commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत : सूर्य के दस्तक लगाना // सौरभ
"नव वर्ष  की संक्रांति की घड़ी में वर्तमान की संवेदनहीनता और  सोच की जड़ता पर प्रहार करता…"
31 minutes ago
Sushil Sarna posted blog posts
1 hour ago
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . क्रोध
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन के भावों को मान देने का दिल से आभार आदरणीय जी । "
2 hours ago
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . क्रोध
"आदरणीय अशोक रक्ताले जी सृजन पर आपकी समीक्षात्मक प्रतिक्रिया का दिल से आभार । इंगित बिन्दु पर सहमत…"
2 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post कुर्सी जिसे भी सौंप दो बदलेगा कुछ नहीं-लक्ष्मण धामी "मुसाफिर"
"आ. भाई सौरभ जी सादर अभिवादन। गजलपर उपस्थिति और सप्रेमं मार्गदर्शन के लिए हार्दिक आभार। इसे बेहतर…"
11 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post न पावन हुए जब मनों के लिए -लक्ष्मण धामी "मुसाफिर"
"आ. भाई अशोक जी, सादर अभिवादन। गजल पर उपस्थिति व उत्ताहवर्धन के लिए हार्दिक आभार।"
11 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Sushil Sarna's blog post दोहा पंचक. . . क्रोध
"आ. भाई सुशील जी, सादर अभिवादन। क्रोध पर सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई। साथ ही भाई अशोक जी की बात…"
11 hours ago
Ashok Kumar Raktale commented on धर्मेन्द्र कुमार सिंह's blog post देवता चिल्लाने लगे हैं (कविता)
"   आदरणीय धर्मेन्द्र कुमार सिंह जी सादर, धर्म के नाम पर अपना उल्लू सीधा करती राजनीति में…"
17 hours ago
Ashok Kumar Raktale commented on लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर''s blog post न पावन हुए जब मनों के लिए -लक्ष्मण धामी "मुसाफिर"
"   हमारे बिना यह सियासत कहाँजवाबों में हम हैं सवालों में हम।३।... विडम्बना…"
17 hours ago
Ashok Kumar Raktale commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत : सूर्य के दस्तक लगाना // सौरभ
"   सूर्य के दस्तक लगानादेखना सोया हुआ है व्यक्त होने की जगह क्यों शब्द लुंठितजिस समय…"
17 hours ago
Ashok Kumar Raktale commented on vijay nikore's blog post सुखद एकान्त है या है अकेलापन
"      तरू तरु के पात-पात पर उमढ़-उमढ़ रहा उल्लास मेरा मन क्यूँ उन्मन क्यूँ इतना…"
17 hours ago

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service