For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

अगर हक़ माँगते अपना कृषक, मजदूर खट्टे हैं (ग़ज़ल)

१२२२ १२२२ १२२२ १२२२

अगर हक़ माँगते अपना कृषक, मजदूर खट्टे हैं

तो ख़ुश्बू में सने सब आँकड़े भरपूर खट्टे हैं

मधुर हम भी हुये तो देश को मधुमेह जकड़ेगा 

वतन के वासिते होकर बड़े मज़बूर, खट्टे हैं

लगे हैं आसमाँ पर देवताओं को चढ़ेंगे सब

तुम्हारे सब्ज़-बागों के सभी अंगूर खट्टे हैं

लड़ाकर राज करना तो विलायत की रवायत है

हमारे वासिते सब आपके दस्तूर खट्टे हैं

हमेशा बस वही कहना जो सुनना चाहते हैं सब

भले ही हो गये हों आप यूँ मशहूर, खट्टे हैं

हमारे स्वाद से मत भागिये हैं स्वास्थ्यवर्द्धक हम 

विटामिन सी बहुत है इसलिये भरपूर खट्टे हैं

--------

(मौलिक एवं अप्रकाशित)

Views: 703

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

Comment by धर्मेन्द्र कुमार सिंह on April 25, 2021 at 6:06pm

बहुत बहुत शुक्रिया आदरणीय लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' जी 

Comment by लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' on April 18, 2021 at 9:43am

आ. भाई धर्मेंद्र जी, नये रूप में बिम्ब गढ़ने के लिए हार्दिक बधाई।

Comment by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी on April 14, 2021 at 3:51pm

//क्योंकि सड़े हुए या खराब खाद्य पदार्थों में बैक्टीरिया की वृद्धि के कारण अक्सर खट्टा स्वाद होता है इसी अर्थ का विस्तार आदमी, आँकड़े, दस्तूर इत्यादि के लिए किया गया है// ये ख़याल आपको मुबारक हो। 

मैं आपके इस फ़लसफ़े से सहमत नहीं हूँ। सादर। 

Comment by धर्मेन्द्र कुमार सिंह on April 14, 2021 at 1:21pm

जैसा कि कड़वाहट के साथ होता है, खट्टे का पता लगाना अस्तित्व के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। यह उन खाद्य पदार्थों की पहचान करने में मदद कर सकता है जो खतरनाक हो सकते हैं, क्योंकि सड़े हुए या खराब खाद्य पदार्थों में बैक्टीरिया की वृद्धि के कारण अक्सर खट्टा स्वाद होता है

इसी अर्थ का विस्तार आदमी, आँकड़े, दस्तूर इत्यादि के लिए किया गया है जो स्वतः स्पष्ट है

Comment by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी on April 14, 2021 at 12:34pm

//कवि का काम ही पुराने अर्थों को विस्तार देना है वरना सारी कविता हजार साल पुराने लेखन का दोहराव मात्र होकर रह जाएगी//

जी, बहतर है। हम भी अपनी शब्दावली को विस्तार दिये देते हैं ज़रा बताएं कि यहाँ आपने खट्टेपन के अर्थ को विस्तार देकर क्या नया अर्थ दिया है? 

Comment by धर्मेन्द्र कुमार सिंह on April 14, 2021 at 2:17am

हौसला अफजाई का बहुत बहुत शुक्रिया जनाब अमीर साहब, निवेदन है कि कवि का काम ही पुराने अर्थों को विस्तार देना है वरना सारी कविता हजार साल पुराने लेखन का दोहराव मात्र होकर रह जाएगी

Comment by अमीरुद्दीन 'अमीर' बाग़पतवी on April 13, 2021 at 12:46am

जनाब धर्मेंद्र कुमार सिंह जी आदाब, अपने चिर परिचित अंदाज़ में और बेबाक़ी के साथ उम्दा ग़ज़ल का प्रयास है बधाई स्वीकार करें, मगर रदीफ़ "खट्टे हैं'' के कारण कई मिसरों का वाक्य विन्यास सही नहीं है। तीसरा और छठा शे'र अच्छे हैं। आम तौर पर खट्टा होना सिर्फ़ अंगूर ही के लिए अच्छा नहीं माना जाता है। इन्सान को या आँकड़ों अथवा दस्तूर को खट्टा कहना कहीं सुनने में नहीं आता है। ग़ौर कीजियेगा। सादर।

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

Dharmendra Kumar Yadav posted blog posts
3 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

कुंडलिया. . . . झोला

कुंडलिया. . . . झोलाझोला   लेकर  हाथ  में, चले   मुरारी   लाल । भाव देख कर थम गई,  उनकी बढ़ती चाल…See More
3 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"सभी को मिलकर ओबीओ को बचाने का सतत प्रयास करते रहना चाहिए।"
yesterday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on vijay nikore's blog post सांकल मन के द्वार पर
"आ.भाई विजय जी, सादर अभिवादन। बहुत सुंदर रचना हुई है। हार्दिक बधाई स्वीकारें।"
yesterday
राज़ नवादवी replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"atyant dukahd "
Sep 11
जगदानन्द झा 'मनु' replied to जगदानन्द झा 'मनु''s discussion गजल in the group मैथिली साहित्य
"आदरणीय, प्रणाम संगहि संग हार्दिक धन्यवाद। अपनेक मार्गदर्शन पाबि बहुत बेसी मोटिवेशन आ सीखक मिलैए…"
Sep 10

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to जगदानन्द झा 'मनु''s discussion गजल in the group मैथिली साहित्य
"आदरणीय जगदानन्द झा मनु जी, अहाँ बड्ड नीक गजल पठेलियै. सबसे पहिल, त हम प्रयुक्त भेल बहरक विषय में…"
Aug 18
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"आदरणीय सौरभ जी सादर प्रणाम, प्रस्तुत हरिगीतिका छंद पर आपकी प्रतिक्रिया से सृजन सफल हुआ है. आपके…"
Aug 15
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"आदरणीय श्याम नारायण वर्मा जी सादर, प्रस्तुत छंदों पर उत्साहवर्धन के लिए आपका हार्दिक आभार.…"
Aug 15
जगदानन्द झा 'मनु' added 2 discussions to the group मैथिली साहित्य
Aug 10
Shyam Narain Verma commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"नमस्ते जी, बहुत ही सुन्दर प्रस्तुति, हार्दिक बधाई l सादर"
Aug 6

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"  आदरणीय अशोक भाईजी, श्रावण मास का आज प्रथम सोमवार है. ऐसे पवित्र दिवस पर आप द्वारा प्रस्तुत…"
Aug 3

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service