For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही जन्मे, मर्यादा पुरषोतम राम,
रास-लीला रचाने घनश्याम,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही जन्में, वीर सपूत,
फिर भी खोज रही अपना अस्तित्व,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही बेटी बन,घर आँगन सजाया,
बाबुल- की बिटिया बन मन हर्षाया,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही अपने, यौवन से,
माँ -बापू को पराया -धन हूँ विदा होने का वक़्त बताया,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही, पिया -घर महकाया,
अपना ससुराल संभाला और चहकाया,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही माँ बन,ममता के आँचल में,
शिशु की कोमल बाहों को सिमटाया,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही सीता बन, अग्निपरीक्षा देकर,
दुनिया को संयम का पाठ पढ़ाया,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही कभी, कोमल अम्बे माँ से,
क्रोध के अवरूध्द हो असुरों का नाश कर डाला,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही लक्ष्मी -बाई बन,स्त्रियों को संघर्ष सिखाया,
तो कभी जिजाबाई बन स्व -रक्षा का जज़्बा जगाया,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

हर रूप में ,शक्ति बिन अधूरा है ज्ञान और विज्ञान,
नारी ही है शक्ति का संधान....

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

आज जो देश है, हमारा पुरुष -प्रधान,
न बनती स्त्री उसके आधीन तो कहाँ से होता वो प्रधान,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान............
  • दीपिका 

Views: 1254

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

Comment by Deepika Mandal on May 25, 2013 at 10:33pm

Vijay Nikore:@@@ Dhanyavaad sir....

Comment by vijay nikore on March 18, 2013 at 11:09am

नारी पर सुन्दर कविता के लिए बधाई।

 

विजय निकोर

Comment by Deepika Mandal on March 17, 2013 at 10:22pm

Yogi Saraswat:@@@ Dhanyvaad sir....aur yahi to samjhaanaa hai sabko ki naari abla nahi sabla hai....

Comment by Yogi Saraswat on March 15, 2013 at 11:52am

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

मैंने ही लक्ष्मी -बाई बन,स्त्रियों को संघर्ष सिखाया,


तो कभी जिजाबाई बन स्व -रक्षा का जज़्बा जगाया,

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

हर रूप में ,शक्ति बिन अधूरा है ज्ञान और विज्ञान,
नारी ही है शक्ति का संधान....

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान,

बहुत सही शब्द लिखे हैं आपने , जो नारी सर्वशक्तिमान है , जो नारी महापुरुषों को जन्म देती है उसी नारी को अबला की संज्ञा क्यूँ ?

Comment by Deepika Mandal on March 14, 2013 at 10:21pm

Dr.Ajay Khare:@@@ Bilkul satya kaha apne sir....bohot bohot dhanyavaad sir....

Comment by Deepika Mandal on March 14, 2013 at 10:17pm

Dr.Prachi Singh:@@@ Shukriya Prachi mam.....

Comment by Deepika Mandal on March 14, 2013 at 10:15pm

Kewal Prasad:@@@ Bohot-bohot dhanyavaad Kewal sir ji.........

Comment by Dr.Ajay Khare on March 14, 2013 at 3:09pm

nari nahi hai abla ban gai hai bo sabla .jo samjhega inko abla bo bahut bada pagla . badhai sunder rachana keliye


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Dr.Prachi Singh on March 14, 2013 at 11:36am

हर रूप में ,शक्ति बिन अधूरा है ज्ञान और विज्ञान,
नारी ही है शक्ति का संधान...................................सुन्दर, बहुत खूब 

मैं नारी....
हूँ सशक्तिकरण की पहचान

सुन्दर अभिव्यक्ति के लिए बधाई दीपिका जी 

Comment by केवल प्रसाद 'सत्यम' on March 14, 2013 at 11:13am

आदरणीया दीपिका मण्डल जी, मैं नारी.....हूँसशक्तिकरण की पहचान.. का बेहतरीन चित्रण बहुत बहुत शुभकामनाएं

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity


सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"  उत्साहित बने रहने और सतत चलते रहने के सुझाव से निस्सृत होती सकारात्मकता का आयाम आश्वस्तिकारी…"
Monday
धर्मेन्द्र कुमार सिंह replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"जब कविता कोश चल सकता है तो ओबीओ क्यूँ नहीं। वहाँ भी शुरू में जो लोग थे आज नहीं हैं। नए-नए लोग…"
Saturday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"चर्चा में आपकी उपस्थिति तथा आपके भावमय शब्दों का स्वागत है आदरणीय मिथिलेश जी. "
Saturday
Sheikh Shahzad Usmani commented on Sheikh Shahzad Usmani's blog post "प्यारी दुश्मन" -[लघु कथा] (18)
"मेरी इस रचना के अवलोकन हेतु पाठकों को हार्दिक धन्यवाद।"
Friday
Sheikh Shahzad Usmani commented on Sheikh Shahzad Usmani's blog post "शह और शिकस्त" - [लघुकथा] 25 (शतरंज संदर्भित) - शेख़ शहज़ाद उस्मानी
"मेरी इस रचना पर 446 अवलोकन हेतु हार्दिक आभार पाठकों के प्रति।"
Friday
Sheikh Shahzad Usmani commented on Sheikh Shahzad Usmani's blog post सूरज के तेवर (लघुकथा) [छंदोत्सव-58 चित्र से प्रेरित] /शेख़ शहज़ाद उस्मानी
"रचना पटल पर उपस्थिति, समीक्षात्मक टिप्पणी और सवाल हेतु हार्दिक धन्यवाद आदरणीया कान्ता रॉय जी। मेरी…"
Friday
Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
" सादर नमस्कार आदरणीय मंच। कुछ अन्य सुझाव: 1- सदस्यों से सहयोग राशि एकत्रित कर ओबीओ की पत्रिका…"
Jun 1
आशीष यादव replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"अच्छा सुझाव"
Jun 1
Gajendra shrotriya replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"प्रतिष्ठित मंच के सभी सम्माननीय सदस्यों को सादर प्रणाम🙏ओ बी ओ परिवार के समक्ष बनी इस विषम परिस्थिति…"
May 31
Manjeet kaur replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"ओ बी ओ मंच से बहुत कुछ सीखने को मिला इसके बंद होने की खबर दुखद और पीड़ादाई लगी। अजय गुप्ता जी की…"
May 30
Manjeet kaur commented on धर्मेन्द्र कुमार सिंह's blog post रहना हो भारत में जिंदा, चुप रहिए (ग़ज़ल)
"धर्मेंद्र कुमार जी आज के मुश्किल दौर में इतना जिगरा ! यथार्थ और सटीक वर्णन के लिए बहुत बहुत बधाई"
May 30
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा सप्तक. . . .मंच

दोहा सप्तक. . . . . मंचअभिनय करते मंच पर, माटी के किरदार ।जीवन की अनुभूतियाँ, करते वो साकार ।।यह जग…See More
May 30

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service