For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

स्कूल 
-----------
 
विद्यालय मंदिर के जैसा, रोज वहाँ मैं जाता हूँ 

 सुबह पहुँच सबसे पहले टीचर को शीष नवाता हूँ  

 हम सब हो कर इकट्ठे  बीच मैदान में जाते हैं  

 प्रार्थना   के  पश्चात वे  हमको खेल खिलवाते  हैं  

 गुरू हमारे बड़े प्यारे प्रेम से हमें पढाते हैं  

 उज्जवल भविष्य कैसे  बने   नीति  हमें  बतलाते हैं  

 रहते हम सभी  घुले  मिले  ज्यों डाली में लगते फूल

 संग खाते लड़ते झगड़ते शाम को  जाते   सब भूल
      
                                                      
प्रदीप कुमार सिंह कुशवाहा 
१८-४-२०१३ 

Views: 1095

Replies to This Discussion

बहुत सुन्दर!

स्नेही ब्रजेश जी 

३० मात्रा पर रचना लिखने का प्रयास किया है. 

बालमन कहाँ तक पकड़ पाया ये जानना है. 

सादर आभार 

आदरणीय प्रदीप जी इस विधा को तो मैं भी अभी सीख ही रहा हूं इसलिए कोई टिप्पणी करना मेरे लिए उचित नहीं होगा क्योंकि संभव है कि मुझसे भी त्रुटि हो जाए।

फिर भी आपका आदेश था तो मैंने मात्रा गणना का प्रयास किया। इसी बहाने मैं भी सीख जाउंगा। मेरे हिसाब से पहली दो पंक्तियों में 30 मात्रायें हैं। शेष की मात्रा गणना निम्नवत है। मैं यह नहीं कह सकता कि मेरी मात्रा गणना में कोई त्रुटि नहीं है। आपको सही मार्गदर्शन गुरूजनों से ही प्राप्त हो सकेगा।

विद्यालय मंदिर के जैसा, रोज वहाँ मैं जाता हूँ 

 सुबह पहुँच सबसे पहले टीचर को शीष नवाता हूँ 

 हम(2) सब(2) इकट्ठे(5)  होकर(4)  बीच(3) मैदान(5) में(2) जाते(4) हैं(2)=29 

 प्रार्थना(6)   के(2) तुरंत(4) बाद(3) वे(2)  खेल(3) हमें(3) खिलवाते(6)  हैं(2)=31 

 गुरुजन(4) हमारे(5) बड़े(3) प्यारे(4) प्रेम(3) से(2) हमें(3) पढाते(5) हैं(2)=31 

 उज्जवल(5) भविष्य(4) हो(2) कैसे(4)  की(2)  नीती(4) हमें(3) बतलाते(6) हैं(2)=32  

 रहते(4) हम(2) सब(2) घुल(2) मिल(2) ऐसे(4) ज्यों(2) डाली(4) में(2) लगते(4) फूल(3)=31 

 संग(3) खाते(4) लड़ते(4) झगड़ते(5) शाम(3) को(2)  जाते(4) सब(2) भूल(3)=30       

                                                      

 

जी ब्रजेश जी 

सस्नेह 

कोपी जाँच जाए. क्या सुझाव मिलता है. शब्दों को कैसे बदला जाए. की जानकारी मिलेगी. या इसको ही ठीक मान लिया जायेगा. देखते हैं. यहाँ हम सब मिल कर हि सीखते सिखाते हैं. ओ बी ओ कि परिपाटी निराली है. 

जय ओ बी ओ. 

स्नेही ब्रजेश जी सादर आभार, 

आदरणीया प्राची जी 

सादर अभिवादन 

३० मात्रा पर रचना लिखने का प्रयास किया है. 

बालमन कहाँ तक पकड़ पाया ये जानना है. 

पहली बार मात्रा साधी  हैं. गणना कैसी है. 

आभार 

आदरणीय प्रदीप जी बहुत प्यारी बाल सुलभ रचना है,  ब्रजेश जी की मात्रा गणना  सही है ,मैंने इसे ३० मात्रा पर साधा है आप अवलोकन करें उचित लगे तो बताइयेगा 
विद्यालय मंदिर के जैसा, रोज वहाँ मैं जाता हूँ -------------३० 

 सुबह पहुँच सबसे पहले टीचर को शीष नवाता हूँ ------------३० 

 हम सब हो कर इकट्ठे  बीच मैदान में जाते हैं --------३०  

 प्रार्थना   के  पश्चात वे  हमको खेल खिलवाते  हैं ---३० 

 गुरू हमारे बड़े प्यारे प्रेम से हमें पढाते हैं ----३० 

 उज्जवल भविष्य कैसे  बने   नीति  हमें  बतलाते हैं  ---३० 

 रहते हम सभी  घुले  मिले  ज्यों डाली में लगते फूल --३० 

 संग खाते लड़ते झगड़ते शाम को  जाते   सब भूल----३०  

आदरणीया राजेश कुमारी जी 

सादर 

आपका असीम स्नेह सदेव मेरा मार्ग प्रशश्त करता रहा है. मात्रा का पहला प्रयास था, आपने रास्ता दिखया. रचना शुद्ध हो गयी. 

आभार. 

आगे भी प्रोत्साहन देते रहिएगा 

संशोधित रचना प्रस्तुत है, सादर 

आदरणीय़ प्रदीप जी, जिस तरह से टिप्पणियों में मात्रिकता पर संवाद बना है वह अत्यंत ही आश्वस्तिकारक है.

आप गणना की इस विधा को हृदयंगम कररचनाकर्म करें ताकि बच्चों की रचना सप्रवाह हो. सप्रवाह रचना उन्हें अधिक भाती भी है.

इसके अलावे अंतर्गेयता के लिए भी कुछ नियम हैं ताकि शब्द प्रवाहयुक्त हों.

सादर

अंतर्गेयता के लिए भी कुछ नियम हैं

आदरणीय गुरुदेव जी 

सादर अभिवादन 

अवगत करा दीजियेगा समय मिलने पर सादर 

RSS

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Blogs

Latest Activity

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on Saurabh Pandey's blog post नवगीत : सूर्य के दस्तक लगाना // सौरभ
"आ. भाई सौरभ जी, सादर अभिवादन। उत्तम नवगीत हुआ है बहुत बहुत हार्दिक बधाई।"
16 hours ago
Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-129 (विषय मुक्त)
"चमत्कार की आत्मकथा (लघुकथा): एक प्रतिष्ठित बड़े विद्यालय से शन्नो ने इस्तीफा दे दिया था। कुछ…"
Thursday
Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-129 (विषय मुक्त)
"नववर्ष की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं समस्त ओबीओ परिवार को। प्रयासरत हैं लेखन और सहभागिता हेतु।"
Wednesday

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey posted a blog post

नवगीत : सूर्य के दस्तक लगाना // सौरभ

सूर्य के दस्तक लगाना देखना सोया हुआ है व्यक्त होने की जगह क्यों शब्द लुंठित जिस समय जग अर्थ ’नव’…See More
Wednesday
Admin replied to Admin's discussion "ओबीओ लाइव लघुकथा गोष्ठी" अंक-129 (विषय मुक्त)
"स्वागतम"
Monday
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-186
"बहुत आभार आदरणीय ऋचा जी। "
Monday
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-186
"नमस्कार भाई लक्ष्मण जी, अच्छी ग़ज़ल हुई है।  आग मन में बहुत लिए हों सभी दीप इससे  कोई जला…"
Monday
Nilesh Shevgaonkar replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-186
"हो गयी है  सुलह सभी से मगरद्वेष मन का अभी मिटा तो नहीं।।अच्छे शेर और अच्छी ग़ज़ल के लिए बधाई आ.…"
Monday
Nilesh Shevgaonkar replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-186
"रात मुझ पर नशा सा तारी था .....कहने से गेयता और शेरियत बढ़ जाएगी.शेष आपके और अजय जी के संवाद से…"
Monday
Nilesh Shevgaonkar replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-186
"धन्यवाद आ. ऋचा जी "
Monday
Nilesh Shevgaonkar replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-186
"धन्यवाद आ. तिलक राज सर "
Monday
Nilesh Shevgaonkar replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-186
"धन्यवाद आ. लक्ष्मण जी "
Monday

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service