For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

"इक ऐसा भी घर बनवाना"

इक ऐसा भी घर बनवाना!
जिसमे रह ले एक ज़माना !!

खुद से खुद की बातें करना !
जब खुद के ही हिस्से आना !!

वो मरा है तू भी मरेगा !
लगा रहेगा आना जाना !!

कुछ ऐसा भी कर ले पगले !
जो बन जाए एक फ़साना !!

खुद से ही भागेगा कब तक !!
खुद से चलता नहीं बहाना !!

भूल गया हो गर वो मुझको !
उसको मेरी याद दिलाना !!
***************************

राम शिरोमणि पाठक"दीपक"
मौलिक/अप्रकाशित

Views: 396

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

Comment by ram shiromani pathak on August 15, 2014 at 12:15am

 बहुत बहुत आभार आदरणीय आशीष नैथानी 'सलिल'  जी ,,,,,,,,,,   सादर

Comment by ram shiromani pathak on August 15, 2014 at 12:14am

 बहुत बहुत आभार आदरणीया सविता  जी ,,,,,,,,,,   सादर

Comment by ram shiromani pathak on August 15, 2014 at 12:13am

उत्साह वर्धन अनुमोदन व् अमूल्य सुझाव हेतु बहुत बहुत आभार आदरणीय सौरभ पाण्डेय जी ,,,,,,,,,,   सादर प्रणाम

Comment by आशीष नैथानी 'सलिल' on August 14, 2014 at 11:15pm

खुद से ही भागेगा कब तक !!
खुद से चलता नहीं बहाना !! बहुत सुन्दर ! वाह !!

Comment by savitamishra on August 14, 2014 at 8:36pm

अति सुन्दर


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Saurabh Pandey on August 14, 2014 at 7:58pm

इक ऐसा भी घर बनवाना!
जिसमे रह ले एक ज़माना !! ...  मन को संतुष्ट करता हुआ मतला हुआ है, वाह !

खुद से खुद की बातें करना !
जब खुद के ही हिस्से आना !!..... इस अत्यंत प्रभावी तथा चकित करते शेर के लिए मैं बार-बार दाद कह रहा हूँ.

वो मरा है तू भी मरेगा !
लगा रहेगा आना जाना !!... ..  . कथ्य सामान्य है. शेर का उला देख लीजियेगा. कुछ और प्रवहमान होना चाहता है.

कुछ ऐसा भी कर ले पगले !
जो बन जाए एक फ़साना !!..........हम्म.. . मगर सिर्फ़ ’फ़साना’ बनने के पीछे मत पड़ना.. :-))

खुद से ही भागेगा कब तक !!
खुद से चलता नहीं बहाना !!........ बहुत खूब !

भूल गया हो गर वो मुझको !
उसको मेरी याद दिलाना !!.............. सही बात ..

भाई रामशिरोमणी, इस बह्र की खासियत ही है कि इसका प्रवाह सरस होता है. यदि वाचन में कहीं अटकाव हुआ तो प्रभाव कम पड़ता है. उस हिसाब से कुछेक मिसरे तनिक और प्रयास मांगते हैं. लेकिन यह अवश्य है कि आपकी मेहनत आश्वस्त करती है.
दाद कुबूल करें.
 

Comment by ram shiromani pathak on August 13, 2014 at 5:44pm

हार्दिक आभार आदरणीया मीना दी...............   सादर 

Comment by Meena Pathak on August 13, 2014 at 2:36pm

अति सुन्दर 

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity


मुख्य प्रबंधक
Er. Ganesh Jee "Bagi" replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
" कृपया और भी सदस्य अपना मंतव्य दें ।"
4 hours ago
Tilak Raj Kapoor replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
"तरही का मुख्य उद्देश्य अभ्यास तक सीमित है, इस दृष्टि से और बहरों पर भी तरही मिसरे देना कठिन न होगा…"
12 hours ago
Sushil Sarna posted a blog post

दोहा सप्तक. . . . घूस

दोहा सप्तक. . . . . घूस बिना कमीशन आजकल, कब होता है काम । कैसा भी हो काम अब, घूस हुई है आम ।। घास…See More
yesterday
Sheikh Shahzad Usmani replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
"सादर नमस्कार। मुझे ऐसी ही एक चर्चा की अपेक्षा थी। आवश्यकता महसूस हो रही थी। हार्दिक धन्यवाद और…"
yesterday

सदस्य कार्यकारिणी
मिथिलेश वामनकर replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
"ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार के सभी सम्मानित सदस्यों को सादर नमस्कार। आदरणीय तिलक राज कपूर सर द्वारा…"
yesterday
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा
"सभी आदरणीय सदस्यों को नमस्कार, एक महत्वपूर्ण चर्चा को आरम्भ करने के लिए प्रबन्धन समिति बधाई की…"
yesterday
Admin posted a discussion

ओ बी ओ लाइव आयोजनों से संबंधित महत्वपूर्ण चर्चा

साथियों,विगत कई माह से ओ बी ओ लाइव आयोजनों में कतिपय कारणवश सदस्यों की भागीदारी बहुत ही कम हो रही…See More
yesterday
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . . घूस
"आदरणीय  अखिलेश जी सृजन के भावों को मान देने का दिल से आभार आदरणीय जी । सहमत एवं संशोधित "
yesterday
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . . घूस
"आदरणीय सुशीलजी हार्दिक बधाई। लगातार बढ़िया दोहा सप्तक लिख रहें हैं। घूस खोरी ....... यह …"
yesterday
Jaihind Raipuri posted a blog post

वो समझते हैं मस्ख़रा दिल हैं

ग़ज़ल 2122  1212  22वो समझते हैं मस्ख़रा दिल हैकितने दुःख दर्द से भरा दिल हैये मेरा क्यूँ हुआ है…See More
Mar 5
Sushil Sarna commented on Sushil Sarna's blog post दोहा सप्तक. . . . घूस
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी सृजन आपकी मनोहारी प्रतिक्रिया से समृद्ध हुआ । हार्दिक आभार आदरणीय । फागोत्सव…"
Mar 4
Nilesh Shevgaonkar and Dayaram Methani are now friends
Mar 4

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service