For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

“मिस मिस ! नीरज इस टॉकिंग इन हिंदी अगेन”.मनीष ने चुगली लगाते हुए टीचर से कहा .... चटाक !!!! और शिक्षाविभाग के मंत्री  नीरज श्रीवास्तव जी का हाथ अचानक गाल पर पँहुचा फिर  वर्तमान के धरातल पर लौट कर सामान्य होते हुए तेवरी स्वर में  बोले

“कई बार चेतावनी देने के बाद आँकड़ों के अनुसार तुम्हारे विभाग में कुल २० प्रतिशत हिंदी में काम होता है मनीष जी,आय एम् टॉकिंग अगेन इन हिंदी... तुम्हारे निलंबन के आदेश दो दिन में पँहुच जायेंगे” मनीष का कद मानो यकायक छोटा हो गया.    

(मौलिक एवं अप्रकाशित)   

Views: 950

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online


सदस्य कार्यकारिणी
Comment by rajesh kumari on June 5, 2015 at 11:58am

हार्दिक आभार कृष्ण भैया .


सदस्य कार्यकारिणी
Comment by rajesh kumari on June 5, 2015 at 11:57am

बहुत- बहुत शुक्रिया मनन कुमार जी. 


सदस्य कार्यकारिणी
Comment by rajesh kumari on June 5, 2015 at 11:56am

आ० डॉ० गोपाल भैया ,बहुत बहुत आभार आपका जो लघुकथा का सन्देश आप तक पँहुचा.इस व्यंग के माध्यम से मैं एक बात और भी स्पष्ट करना चाहती थी ,की जिस हिंदी की खातिर बचपन  में  जिस दोस्त ने थप्पड़ लगवाया आज वही हिंदी वाला उससे ऊपर के ओहदे पर विराजमान है खाली इंग्लिश के बल पर ही कोई ऊँचा पद हासिल नहीं कर लेता, हिंदी ,अपनी मात्रभाषा का स्थान फिर भी अन्य भाषाओँ में पहला है और पहला ही रहेगा "आय एम् टॉकिंग अगेन इन हिंदी"बोलकर विधायक  उस बचपन के दोस्त को उसकी औकात दिखा रहा है शायद कथा के इस पहलु पर पाठकों का ध्यान नहीं जा रहा  न जाने क्यों  


सदस्य कार्यकारिणी
Comment by rajesh kumari on June 5, 2015 at 11:53am

आ० मोहन सेठी जी ,आपका हार्दिक आभार. 


सदस्य कार्यकारिणी
Comment by rajesh kumari on June 5, 2015 at 11:52am

आ० मोहन सेठी जी ,आपका हार्दिक आभार. 


सदस्य कार्यकारिणी
Comment by rajesh kumari on June 5, 2015 at 11:50am

आ० विजय शंकर जी आपको प्रस्तुति पसंद आई दिल से आभार आपका,इस व्यंग के माध्यम से मैं एक बात और भी स्पष्ट करना चाहती थी ,की जिस हिंदी की खातिर बचपन  में  जिस दोस्त ने थप्पड़ लगवाया आज वही हिंदी वाला उससे ऊपर के ओहदे पर विराजमान है खाली इंग्लिश के बल पर ही कोई ऊँचा पद हासिल नहीं कर लेता, हिंदी ,अपनी मात्रभाषा का स्थान फिर भी अन्य भाषाओँ में पहला है और पहला ही रहेगा "आय एम् टॉकिंग अगेन इन हिंदी"बोलकर विधायक  उस बचपन के दोस्त को उसकी औकात दिखा रहा है शायद कथा के इस पहलु पर पाठकों का ध्यान नहीं जा रहा  न जाने क्यों. 

Comment by विनय कुमार on June 4, 2015 at 11:23pm

जिस देश में लोग अपने आप को हिंदी भाषी कहने में शर्म महसूस करें वहां ऐसी हिंदी ही हो सकती है , अच्छा व्यंग आदरणीया राजेश कुमारी जी..

Comment by Krish mishra 'jaan' gorakhpuri on June 4, 2015 at 9:33pm

वाह आदरणीया बहुत बेहतरीन लघुकथा!हार्दिक बधाई! सादर.

Comment by Manan Kumar singh on June 4, 2015 at 7:11pm

आदरणीया, अच्छी अंग्रेज़ियत भरी हिन्दी है। रचना के लिए बधाई, सादर। 

Comment by डॉ गोपाल नारायन श्रीवास्तव on June 4, 2015 at 5:45pm

आदरणीय दीदी

कथा का उद्देश्य और सन्देश मुखर एवं स्पष्ट है i एतदर्थ आपको बधाई  .

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आ. भाई दयाराम जी, अभिवादन व आभार।"
2 hours ago
अजय गुप्ता 'अजेय replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"हार्दिक आभार आदरणीय "
3 hours ago
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आदरणीय दयाराम जी नमस्कार  बहुत शुक्रिया आपका  सादर "
4 hours ago
Richa Yadav replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आदरणीय तिलक जी सादर अभिवादन  बहुत बहुत धन्यवाद आपका  बहुत अच्छे सुझाव हैं ग़ज़लमें निखार…"
4 hours ago
Dayaram Methani replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आदरणीय रिचा यादव जी, बहुत अच्छी ग़ज़ल हुई है। बधाई स्वीकार करें।"
7 hours ago
Dayaram Methani replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी, अति सुंदर ग़जल के लिए बधाई स्वीकार करें।"
7 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आ. भाई तिलकराज जी, सादर अभिवादन।गजल पर उपस्थिति और उत्साहवर्धन के लिए आभार। बहुत सुंदर सुझाव दिया…"
7 hours ago
Dayaram Methani replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आदरणीय रिचा यादव जी, प्रोत्साहन के लिए हार्दिक आभार।"
7 hours ago
Dayaram Methani replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आदरणीय लक्ष्मण धामी जी, प्रोत्साहन के लिए हार्दिक आभार।"
7 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आ. रिचा जी, हार्दिक धन्यवाद।"
7 hours ago
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आ. भाई अजय जी, गजल पर उपस्थिति और उत्साहवर्धन के लिए आभार।"
7 hours ago
Dayaram Methani replied to Admin's discussion "ओ बी ओ लाइव तरही मुशायरा" अंक-188
"आदरणीय अजय गुप्ता जी, सुंदर ग़जल के लिए बधाई स्वीकार करें।"
7 hours ago

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service