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Rachna Bhatia's Blog – January 2021 Archive (3)

ग़ज़ल-वफ़ा नहीं मिलती

2122 1212 22

1

खा के क़समें वफ़ा नहीं मिलती

ज़ख़्मी दिल की दवा नहीं मिलती

2

बाँध ले बात गाँठ तू यारा

दर्द देकर दुआ नहीं मिलती

3

गाँव की तरह् शह्र में हमको

यार बाद-ए-सबा नहीं मिलती

4

साँस फेरेगी आँख ख़ुद ही सनम

चाहने से कज़ा नहीं मिलती

5

वस्ल की रात ओढ़कर घूँघट

आजकल क्यों हया नहीं मिलती

6

गुनगुना ले जो धड़कनों के सुर

ऐसी नग़्मा-सरा नहीं…

Continue

Added by Rachna Bhatia on January 25, 2021 at 3:54pm — 6 Comments

ग़ज़ल- रूह के पार ले जाती रही

212 212 212 212

1

एक आवाज़ कानों में आती रही

रूह के पार मुझको ले जाती रही

2

ख़्वाब आँखों को हर पल दिखाती रही

ज़िन्दगी उम्र भर बरगलाती रही…

Continue

Added by Rachna Bhatia on January 16, 2021 at 10:38pm — 17 Comments

ग़ज़ल- लाऊँ कहाँ से

1222/1222/122

1

महकता वो चमन लाऊँ कहाँ से

जुदा जिसका तसव्वुर हो ख़िज़ाँ से

2

कभी पूछा है तुमने कहकशाँ से

हुए गुम क्यों सितारे आसमाँ से

3

न जाने क्या मिलाया था नज़र में

न चल पाए क़दम इक भी वहाँ से

4

सँभलने के लिए कुछ वक़्त तो दो

अभी उतरा ही है वो आसमाँ से

5

किसी सूरत बहार आए गुलों पर 

उड़ी है इनकी रंगत ही ख़िज़ाँ से

6

हटा दे तीरगी जो मेरे दिल की

दिया वो लाऊँ…

Continue

Added by Rachna Bhatia on January 6, 2021 at 7:08pm — 3 Comments

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"आदरणीय अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव साहब, प्रस्तुत दोहों की सराहना हेतु आपका हार्दिक आभार। सादर"
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"आदरणीय अशोक भाईजी  सही कहना है हम भारतीय और विशेषकर जो अभावों में पलकर बड़े हुए हैं, हर…"
Sunday
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 178 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीया प्रतिभाजी हार्दिक धन्यवाद आभार आपका"
Sunday
अखिलेश कृष्ण श्रीवास्तव replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 178 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय अशोक भाईजी  हार्दिक धन्यवाद आभार आपका।"
Sunday
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 178 in the group चित्र से काव्य तक
"आदरणीय भाई लक्ष्मण धामी जी सादर, प्रदत्त चित्र पर मेरी प्रस्तुति की सराहना के लिए आपका हार्दिक…"
Sunday
Ashok Kumar Raktale replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 178 in the group चित्र से काव्य तक
"    आदरणीया प्रतिभा पाण्डे जी सादर, प्रस्तुत दोहों की सराहना के लिए आपका हार्दिक आभार ।…"
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"आ. भाई सौरभ जी, सादर अभिवादन। दोहों पर आपकी विस्तृत टिप्पणी और सुझाव के लिए हार्दिक…"
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लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion 'ओबीओ चित्र से काव्य तक' छंदोत्सव अंक 178 in the group चित्र से काव्य तक
"आ. प्रतिभा बहन, सादर अभिवादन। चित्रानुरूप सुंदर दोहे हुए हैं। हार्दिक बधाई।"
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