For any Query/Feedback/Suggestion related to OBO, please contact:- admin@openbooksonline.com & contact2obo@gmail.com, you may also call on 09872568228(योगराज प्रभाकर)/09431288405(गणेश जी "बागी")

तुम भी होगे शायद परिचित...

तुम भी होगे शायद परिचित
शब्द, मौन के इन झगड़ों से/
शब्द स्वयं को
मौन स्वयं को
किन्तु समर्पित
दोनों....तुमको

मौन कहे...तुम समझोगे
शब्द कहें...मैं समझा दूं
दोनों ही लेकिन ये चाहें...कैसे भी तुमको पा लूँ

मौन कहे तुम ना लौटोगे,
शब्द कहें आवाज़ तो दूं
दोनों ही पर चाह करें ये...हाथ तुम्हारा थाम तो लूँ

इसी शोक से, इसी शोर से
इन प्रश्नों के उठे जोर से
तुम भी व्यथित हुए तो होगे
मन भावों की इन रगड़ों से

तुम भी होगे शायद परिचित
शब्द, मौन के इन झगड़ों से.....

-पुष्यमित्र उपाध्याय

Views: 457

Comment

You need to be a member of Open Books Online to add comments!

Join Open Books Online

Comment by Aditya Kumar on September 26, 2012 at 3:37pm

very nice


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Dr.Prachi Singh on September 24, 2012 at 7:12pm
शब्द और मौन के झगडे... अंतर्मन में ...वाह! \
हार्दिक बधाई इस सुन्दर अभिव्यक्ति पर आ. पुष्यमित्र जी
Comment by राज़ नवादवी on September 24, 2012 at 1:06pm

शब्द और मौन के द्वंद्व की धुरी तो स्वयं में है परन्तु उसे घूर्णन की शक्ति कोई और दे रहा है- 

शुन्दर अभिव्यक्ति है आपकी भाई पुष्यमित्र जी! बधाई. 


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Saurabh Pandey on September 24, 2012 at 12:54pm

कविता की सार्थकता संप्रेषण में है. बहुत-बहुत बधाई.

Comment by Gul Sarika Thakur on September 24, 2012 at 12:14pm

achchhee Mimansa ...

Comment by लक्ष्मण रामानुज लडीवाला on September 24, 2012 at 5:40am

शब्दों की सुन्दर अभिव्यक्ति पुष्यमित्र इपध्याय जी,बधाई 

 हम तो परिचित अब 

तुम्हारे मौन से 

तुम्हारी मौन स्वीकृति से 

श्यात तुम भी परिचित 

मेरे शब्दों से 'गुरु ज्ञान दोहों' से

दोनों परिचित परस्पर 

अब मौन से भी शब्दों से भी 

कृपया ध्यान दे...

आवश्यक सूचना:-

1-सभी सदस्यों से अनुरोध है कि कृपया मौलिक व अप्रकाशित रचना ही पोस्ट करें,पूर्व प्रकाशित रचनाओं का अनुमोदन नही किया जायेगा, रचना के अंत में "मौलिक व अप्रकाशित" लिखना अनिवार्य है । अधिक जानकारी हेतु नियम देखे

2-ओपन बुक्स ऑनलाइन परिवार यदि आपको अच्छा लगा तो अपने मित्रो और शुभचिंतको को इस परिवार से जोड़ने हेतु यहाँ क्लिक कर आमंत्रण भेजे |

3-यदि आप अपने ओ बी ओ पर विडियो, फोटो या चैट सुविधा का लाभ नहीं ले पा रहे हो तो आप अपने सिस्टम पर फ्लैश प्लयेर यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करे और फिर रन करा दे |

4-OBO नि:शुल्क विज्ञापन योजना (अधिक जानकारी हेतु क्लिक करे)

5-"सुझाव एवं शिकायत" दर्ज करने हेतु यहाँ क्लिक करे |

6-Download OBO Android App Here

हिन्दी टाइप

New  देवनागरी (हिंदी) टाइप करने हेतु दो साधन...

साधन - 1

साधन - 2

Latest Activity

राज़ नवादवी replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"🌹 OBO के पुनर्गठन एवं पुनर्जीवन के लिए एक सशक्त अपील और कुछ रचनात्मक…"
yesterday
Dharmendra Kumar Yadav posted blog posts
Saturday
Sushil Sarna posted a blog post

कुंडलिया. . . . झोला

कुंडलिया. . . . झोलाझोला   लेकर  हाथ  में, चले   मुरारी   लाल । भाव देख कर थम गई,  उनकी बढ़ती चाल…See More
Saturday
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"सभी को मिलकर ओबीओ को बचाने का सतत प्रयास करते रहना चाहिए।"
Sep 17
लक्ष्मण धामी 'मुसाफिर' commented on vijay nikore's blog post सांकल मन के द्वार पर
"आ.भाई विजय जी, सादर अभिवादन। बहुत सुंदर रचना हुई है। हार्दिक बधाई स्वीकारें।"
Sep 17
राज़ नवादवी replied to Admin's discussion अति आवश्यक सूचना : कृपया अवश्य अवगत हों .....
"atyant dukahd "
Sep 11
जगदानन्द झा 'मनु' replied to जगदानन्द झा 'मनु''s discussion गजल in the group मैथिली साहित्य
"आदरणीय, प्रणाम संगहि संग हार्दिक धन्यवाद। अपनेक मार्गदर्शन पाबि बहुत बेसी मोटिवेशन आ सीखक मिलैए…"
Sep 10

सदस्य टीम प्रबंधन
Saurabh Pandey replied to जगदानन्द झा 'मनु''s discussion गजल in the group मैथिली साहित्य
"आदरणीय जगदानन्द झा मनु जी, अहाँ बड्ड नीक गजल पठेलियै. सबसे पहिल, त हम प्रयुक्त भेल बहरक विषय में…"
Aug 18
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"आदरणीय सौरभ जी सादर प्रणाम, प्रस्तुत हरिगीतिका छंद पर आपकी प्रतिक्रिया से सृजन सफल हुआ है. आपके…"
Aug 15
Ashok Kumar Raktale commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"आदरणीय श्याम नारायण वर्मा जी सादर, प्रस्तुत छंदों पर उत्साहवर्धन के लिए आपका हार्दिक आभार.…"
Aug 15
जगदानन्द झा 'मनु' added 2 discussions to the group मैथिली साहित्य
Aug 10
Shyam Narain Verma commented on Ashok Kumar Raktale's blog post हरिगीतिका छंद
"नमस्ते जी, बहुत ही सुन्दर प्रस्तुति, हार्दिक बधाई l सादर"
Aug 6

© 2026   Created by Admin.   Powered by

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service