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गीत - रजा बनारस !

गीत -  रजा बनारस  !
 
नेमतों से सजा बनारस
नो टेंशन बस मजा बनारस
               रजा बनारस रजा बनारस .
 
फक्कड़पन  है मस्ती भी है
अव्वल आला हस्ती भी है
घाट घाट पर बिखरा जीवन
सजी हुई गिरहस्ती भी है
ऊंची फहरी ध्वजा बनारस
               रजा बनारस रजा बनारस .
 
पढ़े पढावे रंग जमावे
बम भोले का भंग  जमावे
होंगे ऊंचे महल अटारी
काशी कल्चर उन्हें चिढ़ावे
नक्कालों की कज़ा बनारस
              रजा बनारस रजा बनारस .
 
कला संस्कृति खान पान में
चतुराई  और दीन - दान में
गंगा तीरे ठाट बाट जो 
नहीं कहीं और किसी शान में
कायम चौचक फ़ज़ा बनारस
                     रजा बनारस रजा बनारस  . 
 
 - अभिनव अरुण
    {080112011}
 ओ बी ओ कार्यकारिणी के सम्मानित सदस्य श्री अरुण कुमार पाण्डेय "अभिनव" जी के इस प्रकाशित गीत को "दैनिक जागरण" ने "मेरा शहर मेरा गीत" आयोजन हेतु  पंचम स्थान पर चयन किया है, इस गीत को प्रथम स्थान पर चयन हेतु SMS वोटिंग प्रक्रिया से गुजरना है, आप इस गीत को प्रथम स्थान दिलाने हेतु वोट कर सकते है, वोट करने के लिए अपने मैसेज बॉक्स में टाइप करे VNS E और भेज दे 57272 पर |

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Comment

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Comment by Abhinav Arun on December 10, 2011 at 10:58am

इस गीत को सराहने हेतु साथियों  के प्रति हार्दिक आभार प्रकट करता हूँ !!

Comment by Abhinav Arun on December 8, 2011 at 8:06am
TODAY LAST DAY.friends please vote this song SMS -
VNS E
to 57272
Comment by Abhinav Arun on December 7, 2011 at 7:23pm
Is manch ke sabhi Sathiyon se Mera vinamra Nivedan hai ki kripaya SMS kar is geet ko vijeta banayen.SMS karen VNS E to 57272, AGRIM ABHAAR aap sabka.
Comment by Abhinav Arun on December 7, 2011 at 7:16pm
Gat maah Jagran ne is ayojan hetu geet amantrit kiye.Saikadon giton me se panch SHRESHTH giton ko ab code dekar VOTING Hetu diya gaya hai.mere geet ka code E hai. chayan karne wali jury FILM INDUSTRY se hai.usme PRASUN JOSHI & ADESH SRIVASTAV bhi hain.jagran me voting vivran roz hi page 4 pe a raha hai.top geet ko ADESH ke nirdeshan men mumbai ke singer swar denge.jahan tak sms ki baat hai yah Yug Dharm hai isme hamara kya vash.Bas ek koshish hai.mere khayal se is geet ke chayan se ham sab ko Garv hoga.
Comment by Abhinav Arun on December 7, 2011 at 7:04pm
adaarniy sarv shri guru ji rajendr ji rajput ji saurabh ji & ravi ji sabke prati vishesh abhaar.aur Bagi ji aur OBO admin KO hardik dhanyavaad.
Comment by Atendra Kumar Singh "Ravi" on December 7, 2011 at 6:48pm

Sabse pahle shreshtha paanch chune jaane par bahut bahut badhai sir g ....

aapka geet bane no.1 aisi apni kamna hai .......

kya khub geet likha hai....waise hamne SMS send kar diya hai 


सदस्य टीम प्रबंधन
Comment by Saurabh Pandey on December 5, 2011 at 11:47am

बनारस के रस और धार के अनुरूप इस गीत में मस्ती है और वही बेबाकपन है जो इस निराले शहर का ढंग है.

इस गीत के प्रवाह पर मैं मुग्ध हूँ. इस गीत को पढ़ चुका था. लेकिन आश्चर्य, मैंने अबतक अपनी उपस्थिति कैसे दर्ज़ नहीं करायी है.

 

भाई राजेन्द्र जी की बातों से इत्तफ़ाक रखता हूँ. लेकिन जब यही कायदा ’दैनिक जागरण’ वालों का है तो फिर कुछ नहीं किया जा सकता.

 

भाई, आपके कहे अनुसार मैंने अपना काम तो कल ही कर दिया है और उस नम्बर से रेस्पोन्स भी पा गया हूँ. 

 

अग्रिम शुभकामनाएँ.

Comment by AK Rajput on December 5, 2011 at 11:19am
अरुण जी , आपके गीत ने तो बनारस की याद ताज़ा करदी , 1994  से 1998  तक "घाट घाट " का पानी पिया है .
 
Comment by Rajendra Swarnkar on December 5, 2011 at 11:16am

आदरणीय श्री अरुण कुमार पाण्डेय "अभिनव" जी

आपका गीत बहुत अच्छा लगा ।

फक्कड़पन है मस्ती भी है
अव्वल आला हस्ती भी है
घाट घाट पर बिखरा जीवन
सजी हुई गिरहस्ती भी है
ऊंची फहरी ध्वजा बनारस
रजा बनारस रजा बनारस

SMS भी कर देंगे …

लेकिन अच्छी रचना को ( श्रेष्ठ कलकार को ) sms अथवा like या comment से प्राप्त परिणाम से प्रभावित नहीं होना चाहिए …
मेरे ख़याल में इस तरह की प्रक्रिया श्रेष्ठ रचना/कलाकार के साथ कम ही न्याय कर पाती है ।

आपके लिए हृदय से मंगलकामनाएं हैं ।

Comment by Rash Bihari Ravi on December 5, 2011 at 10:51am

badhai sir ji

कृपया ध्यान दे...

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